सरगुजा: सीएम हेल्पलाइन 1076 में बिना संपर्क और जांच के फीडबैक देने का आरोप, पत्रकार मुकेश ने की पुनः समीक्षा की मांग
लखनपुर थाने से जुड़े मामले में निष्पक्ष जांच नहीं होने का आरोप; कलेक्टर, आईजी और एसपी से मामले की जांच कर जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग
लखनपुर, सरगुजा। सरगुजा जिले के लखनपुर में सीएम हेल्पलाइन 1076 में दर्ज शिकायत के निराकरण को लेकर सवाल उठाए गए हैं। पत्रकार मुकेश कुमार का आरोप है कि उन्होंने अपने मामले की निष्पक्ष जांच और शिकायत की पुनः समीक्षा की मांग की थी, लेकिन संबंधित अधिकारियों ने उनसे संपर्क किए बिना ही फीडबैक दर्ज कर शिकायत के निराकरण की प्रक्रिया आगे बढ़ा दी। उन्होंने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है।
पत्रकार मुकेश कुमार के अनुसार, मामला लखनपुर थाने से जुड़ा है। उनका आरोप है कि कुछ लोग उनके घर आकर गाली-गलौज और मारपीट करते हुए विवाद करने लगे थे, 6अगस्त 2025 लेकिन उनकी शिकायत पर अपेक्षित कार्रवाई नहीं की गई। इसके विपरीत, उनके विरुद्ध रिपोर्ट तैयार कर न्यायालय में प्रस्तुत किए जाने से उनकी छवि प्रभावित हुई है। 2011में पत्रकार का हार्ट का ऑपरेशन हुआ था 2लोगों को मार पीट का झूठा आरोप लगा उन्होंने पुलिस की जांच प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए निष्पक्ष विवेचना की मांग की है।
एसडीओपी की भूमिका पर भी उठाए सवाल
पत्रकार ने आरोप लगाया कि मामले की विवेचना के दौरान एसडीओपी स्तर पर उन्हें उचित जानकारी नहीं दी गई और उन्हें गुमराह किया गया। उनका यह भी दावा है कि जब्ती से संबंधित पेड़ पर तोड़ने भेजा प्रिंस मेरे को लकड़ी उसके बाद एसडीओपी कार्यालय से निकालकर उनके हाथ में दी गई थी और उन्हें बताया गया था कि मामले की जांच अभी जारी है। उन्होंने इस पूरे घटनाक्रम की स्वतंत्र जांच कराने की मांग की है।
मुकेश कुमार का कहना है कि उन्होंने मामले को लेकर पहले भी सरगुजा कलेक्टर, पुलिस अधीक्षक और आईजी को आवेदन दिए थे। इसके बाद सीएम हेल्पलाइन 1076 में शिकायत दर्ज कराकर पूरे प्रकरण की समीक्षा करने और निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करने का अनुरोध किया गया था।16/9/2026।। शिकायत दर्ज
बिना संपर्क फीडबैक देने पर जताई नाराजगी
पत्रकार का आरोप है कि शिकायत की समीक्षा के लिए अनुरोध किए जाने के बावजूद उनसे फोन पर कोई संपर्क नहीं किया गया। उनका कहना है कि उनका पक्ष जाने बिना ही शिकायत पर फीडबैक दर्ज कर समाधान की प्रक्रिया पूरी कर दी गई। उन्होंने मांग की है कि शिकायत के निराकरण की प्रक्रिया, दर्ज किए गए फीडबैक और संबंधित अधिकारियों की भूमिका की जांच की जाए।
वरिष्ठ अधिकारियों से हस्तक्षेप की मांग
पत्रकार मुकेश कुमार ने सरगुजा कलेक्टर, पुलिस महानिरीक्षक (आईजी), पुलिस अधीक्षक (एसपी) तथा प्रदेश सरकार से पूरे मामले को गंभीरता से लेने की अपील की है। उन्होंने मांग की है कि मामले की निष्पक्ष एवं स्वतंत्र जांच कराई जाए, शिकायतकर्ता का पक्ष सुना जाए और यदि जांच में किसी अधिकारी की लापरवाही या अनियमितता प्रमाणित होती है, तो नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाए।
फिलहाल, इस मामले में संबंधित पुलिस अधिकारियों का पक्ष और सीएम हेल्पलाइन पर दर्ज फीडबैक का आधिकारिक विवरण उपलब्ध नहीं है। आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि तथा संबंधित अधिकारियों का पक्ष सामने आने के बाद ही मामले की पूरी स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
मुकेश कुमार| लखनपुर, सरगुजा, छत्तीसगढ़
पत्रकार मुकेश कुमार के अनुसार, मामला लखनपुर थाने से जुड़ा है। उनका आरोप है कि कुछ लोग उनके घर आकर गाली-गलौज और मारपीट करते हुए विवाद करने लगे थे, 6अगस्त 2025 लेकिन उनकी शिकायत पर अपेक्षित कार्रवाई नहीं की गई। इसके विपरीत, उनके विरुद्ध रिपोर्ट तैयार कर न्यायालय में प्रस्तुत किए जाने से उनकी छवि प्रभावित हुई है। 2011में पत्रकार का हार्ट का ऑपरेशन हुआ था 2लोगों को मार पीट का झूठा आरोप लगा उन्होंने पुलिस की जांच प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए निष्पक्ष विवेचना की मांग की है।
एसडीओपी की भूमिका पर भी उठाए सवाल
पत्रकार ने आरोप लगाया कि मामले की विवेचना के दौरान एसडीओपी स्तर पर उन्हें उचित जानकारी नहीं दी गई और उन्हें गुमराह किया गया। उनका यह भी दावा है कि जब्ती से संबंधित पेड़ पर तोड़ने भेजा प्रिंस मेरे को लकड़ी उसके बाद एसडीओपी कार्यालय से निकालकर उनके हाथ में दी गई थी और उन्हें बताया गया था कि मामले की जांच अभी जारी है। उन्होंने इस पूरे घटनाक्रम की स्वतंत्र जांच कराने की मांग की है।
मुकेश कुमार का कहना है कि उन्होंने मामले को लेकर पहले भी सरगुजा कलेक्टर, पुलिस अधीक्षक और आईजी को आवेदन दिए थे। इसके बाद सीएम हेल्पलाइन 1076 में शिकायत दर्ज कराकर पूरे प्रकरण की समीक्षा करने और निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करने का अनुरोध किया गया था।16/9/2026।। शिकायत दर्ज
बिना संपर्क फीडबैक देने पर जताई नाराजगी
पत्रकार का आरोप है कि शिकायत की समीक्षा के लिए अनुरोध किए जाने के बावजूद उनसे फोन पर कोई संपर्क नहीं किया गया। उनका कहना है कि उनका पक्ष जाने बिना ही शिकायत पर फीडबैक दर्ज कर समाधान की प्रक्रिया पूरी कर दी गई। उन्होंने मांग की है कि शिकायत के निराकरण की प्रक्रिया, दर्ज किए गए फीडबैक और संबंधित अधिकारियों की भूमिका की जांच की जाए।
वरिष्ठ अधिकारियों से हस्तक्षेप की मांग
पत्रकार मुकेश कुमार ने सरगुजा कलेक्टर, पुलिस महानिरीक्षक (आईजी), पुलिस अधीक्षक (एसपी) तथा प्रदेश सरकार से पूरे मामले को गंभीरता से लेने की अपील की है। उन्होंने मांग की है कि मामले की निष्पक्ष एवं स्वतंत्र जांच कराई जाए, शिकायतकर्ता का पक्ष सुना जाए और यदि जांच में किसी अधिकारी की लापरवाही या अनियमितता प्रमाणित होती है, तो नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाए।
फिलहाल, इस मामले में संबंधित पुलिस अधिकारियों का पक्ष और सीएम हेल्पलाइन पर दर्ज फीडबैक का आधिकारिक विवरण उपलब्ध नहीं है। आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि तथा संबंधित अधिकारियों का पक्ष सामने आने के बाद ही मामले की पूरी स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
मुकेश कुमार| लखनपुर, सरगुजा, छत्तीसगढ़