📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Ministry of Science and Technology
शिक्षा
राष्ट्रीय विज्ञान शिक्षा सम्मेलन: निःशुल्क पंजीकरण, यात्रा और आवास
✍️ NDTV
🗓 20 अग. 2026, 05:43 PM
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राष्ट्रीय विज्ञान शिक्षा सम्मेलन ने निःशुल्क पंजीकरण, यात्रा और आवास के साथ शुरुआत की है। इस कार्यक्रम में छह उत्कृष्ट शोधकर्ताओं को सर्वश्रेष्ठ मौखिक और पोस्टर पुरस्कार दिए जाएंगे।
राष्ट्रीय विज्ञान शिक्षा सम्मेलन, एक प्रमुख शैक्षिक संस्था द्वारा आयोजित, निःशुल्क पंजीकरण, यात्रा और आवास के साथ शुरू हुआ है। इस पहल का उद्देश्य देशभर के शिक्षकों, शोधकर्ताओं और छात्रों की व्यापक भागीदारी को बढ़ावा देना है।
सम्मेलन में विज्ञान शिक्षण के नवीनतम विकास पर मौखिक और पोस्टर प्रस्तुतियाँ होंगी। तीन मौखिक और तीन पोस्टर प्रस्तुतियों को उनके संबंधित श्रेणियों में सर्वश्रेष्ठ चुना गया है, और विजेताओं को समापन समारोह में पुरस्कार प्रदान किया जाएगा।
आयोजकों ने विज्ञान शिक्षकों और पाठ्यक्रम विकासकर्ताओं के बीच सहयोग को बढ़ावा देने के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने नवोन्मेषी शिक्षण विधियों के माध्यम से छात्र सहभागिता और सीखने के परिणामों को सुधारने की भूमिका पर जोर दिया।
प्रतिभागी आधिकारिक वेबसाइट पर सम्मेलन का कार्यक्रम और पंजीकरण पोर्टल एक्सेस कर सकते हैं। कार्यक्रम तीन दिनों तक चलेगा, जिसमें कार्यशालाएँ, मुख्य भाषण और नेटवर्किंग सत्र निर्धारित हैं।
यह सम्मेलन विज्ञान शिक्षा मानकों को मजबूत करने और शोध-आधारित शिक्षण प्रथाओं को बढ़ावा देने के राष्ट्रीय प्रयास का हिस्सा है।
सम्मेलन में विज्ञान शिक्षण के नवीनतम विकास पर मौखिक और पोस्टर प्रस्तुतियाँ होंगी। तीन मौखिक और तीन पोस्टर प्रस्तुतियों को उनके संबंधित श्रेणियों में सर्वश्रेष्ठ चुना गया है, और विजेताओं को समापन समारोह में पुरस्कार प्रदान किया जाएगा।
आयोजकों ने विज्ञान शिक्षकों और पाठ्यक्रम विकासकर्ताओं के बीच सहयोग को बढ़ावा देने के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने नवोन्मेषी शिक्षण विधियों के माध्यम से छात्र सहभागिता और सीखने के परिणामों को सुधारने की भूमिका पर जोर दिया।
प्रतिभागी आधिकारिक वेबसाइट पर सम्मेलन का कार्यक्रम और पंजीकरण पोर्टल एक्सेस कर सकते हैं। कार्यक्रम तीन दिनों तक चलेगा, जिसमें कार्यशालाएँ, मुख्य भाषण और नेटवर्किंग सत्र निर्धारित हैं।
यह सम्मेलन विज्ञान शिक्षा मानकों को मजबूत करने और शोध-आधारित शिक्षण प्रथाओं को बढ़ावा देने के राष्ट्रीय प्रयास का हिस्सा है।