📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Ministry of Information and Broadcasting
राजनीति
मंत्री शिवाकुमार ने सीता के चरित्र की प्रशंसा, महिलाओं को नेतृत्व के लिए प्रेरित किया
✍️ India Today
🗓 03 सित. 2026, 02:04 AM
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मंत्री शिवाकुमार ने महाकाव्य नायिका सीता की प्रशंसा की, कहा उनका चरित्र राम से श्रेष्ठ है, और सभी भारतीय महिलाओं से नेतृत्व अपनाने का आग्रह किया।
मंत्री शिवाकुमार ने आज एक सभा में रामायण की नायिका सीता के नैतिक वैभव को उजागर किया। उन्होंने कहा कि सीता का चरित्र राम से अधिक शक्ति और सद्गुणों से भरपूर है, और वह आधुनिक भारतीय महिलाओं के लिए आदर्श है।
शिवाकुमार ने यह बताया कि सीता में निहित साहस, दृढ़ता और नैतिक संकल्प उन गुणों में से हैं, जो नेतृत्व की आकांक्षा रखने वाली महिलाओं को चाहिए। उन्होंने महिलाओं से आग्रह किया कि वे इस पौराणिक पात्र से प्रेरणा लेकर सार्वजनिक और निजी दोनों क्षेत्रों में प्रभावशाली पदों को अपनाएँ।
यह बयान भारत में लैंगिक समानता और महिलाओं के सशक्तिकरण के व्यापक संवाद का हिस्सा है, जो महिलाओं की निर्णय‑निर्धारण प्रक्रियाओं में भागीदारी बढ़ाने के सरकारी प्रयासों को सुदृढ़ करता है।
उपस्थित लोगों ने इस संदेश का स्वागत किया और कई लोगों ने विभिन्न क्षेत्रों में महिलाओं की प्रतिनिधित्व बढ़ाने की आवश्यकता पर बल दिया।
मंत्री ने अंत में नीति निर्माताओं, नागरिक समाज और युवाओं से कहा कि वे ऐसा माहौल बनाएं जहाँ महिलाएँ बिना संकोच के नेतृत्व कर सकें, और सीता के उदाहरण को एक शाश्वत मार्गदर्शक मानें।
शिवाकुमार ने यह बताया कि सीता में निहित साहस, दृढ़ता और नैतिक संकल्प उन गुणों में से हैं, जो नेतृत्व की आकांक्षा रखने वाली महिलाओं को चाहिए। उन्होंने महिलाओं से आग्रह किया कि वे इस पौराणिक पात्र से प्रेरणा लेकर सार्वजनिक और निजी दोनों क्षेत्रों में प्रभावशाली पदों को अपनाएँ।
यह बयान भारत में लैंगिक समानता और महिलाओं के सशक्तिकरण के व्यापक संवाद का हिस्सा है, जो महिलाओं की निर्णय‑निर्धारण प्रक्रियाओं में भागीदारी बढ़ाने के सरकारी प्रयासों को सुदृढ़ करता है।
उपस्थित लोगों ने इस संदेश का स्वागत किया और कई लोगों ने विभिन्न क्षेत्रों में महिलाओं की प्रतिनिधित्व बढ़ाने की आवश्यकता पर बल दिया।
मंत्री ने अंत में नीति निर्माताओं, नागरिक समाज और युवाओं से कहा कि वे ऐसा माहौल बनाएं जहाँ महिलाएँ बिना संकोच के नेतृत्व कर सकें, और सीता के उदाहरण को एक शाश्वत मार्गदर्शक मानें।