📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / SpeakingArch
सरकारी योजना
हरियाणा ने SIR फेज‑I पूरा किया, 33 लाख नाम हटाए गए
✍️ The Hindu
🗓 26 जुल. 2026, 07:08 PM
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राज्य सरकार ने घोषणा की कि SIR का पहला चरण पूरा हुआ, परंतु 33 लाख प्रविष्टियाँ स्थानांतरण, मृत्यु या डुप्लिकेट के कारण हटाई गईं।
हरियाणा सरकार ने घोषणा की है कि राज्य के स्टेट इंटीग्रेटेड रजिस्ट्री (SIR) परियोजना का पहला चरण पूरा हो गया है। इस पहल का उद्देश्य नागरिक डेटा को एकीकृत कर शासन और सेवा वितरण को बेहतर बनाना था। हालांकि, अधिकारियों ने बताया कि 33 लाख नाम रजिस्ट्री से बाहर रखे गए। इन बहिष्कारों का कारण स्थानांतरण, मृत्यु और डुप्लिकेट प्रविष्टियाँ थीं जिन्हें सत्यापित नहीं किया जा सका।
राज्य के आईटी और गृह विभागों ने सभी जिलों में डेटा संग्रह और सत्यापन प्रक्रिया का समन्वय किया। जबकि फेज‑I रोलआउट को एक मील का पत्थर माना गया है, प्राधिकरण भविष्य के चरणों में छोड़े गए रिकॉर्ड को संबोधित करने की योजना बना रहे हैं। सरकार ने अतिरिक्त जाँच और सामुदायिक पहुँच के माध्यम से भविष्य में होने वाले बहिष्कारों को कम करने का आश्वासन दिया है।
अधिकारियों ने जोर दिया कि SIR पारदर्शिता बढ़ाएगा और निवासियों के लिए सार्वजनिक सेवाओं तक पहुँच को सरल बनाएगा। उन्होंने यह भी बताया कि सटीक रिकॉर्ड बनाए रखना कल्याण योजनाओं और चुनावी प्रक्रियाओं का समर्थन करने के लिए महत्वपूर्ण है।
राज्य के आईटी और गृह विभागों ने सभी जिलों में डेटा संग्रह और सत्यापन प्रक्रिया का समन्वय किया। जबकि फेज‑I रोलआउट को एक मील का पत्थर माना गया है, प्राधिकरण भविष्य के चरणों में छोड़े गए रिकॉर्ड को संबोधित करने की योजना बना रहे हैं। सरकार ने अतिरिक्त जाँच और सामुदायिक पहुँच के माध्यम से भविष्य में होने वाले बहिष्कारों को कम करने का आश्वासन दिया है।
अधिकारियों ने जोर दिया कि SIR पारदर्शिता बढ़ाएगा और निवासियों के लिए सार्वजनिक सेवाओं तक पहुँच को सरल बनाएगा। उन्होंने यह भी बताया कि सटीक रिकॉर्ड बनाए रखना कल्याण योजनाओं और चुनावी प्रक्रियाओं का समर्थन करने के लिए महत्वपूर्ण है।