📷 चित्र स्रोत: Flickr (CC)
राजनीति
हरसिमरत ने कहा केंद्र से तालमेल जरूरी, पंजाब में शिरोमणि अकाली दल-भाजपा गठबंधन की वापसी की संभावना
✍️ Amar Ujala · Punjab
🗓 22 अग. 2026, 03:48 PM
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हरसिमरत ने कहा कि केंद्र से तालमेल आवश्यक है, क्योंकि शिरोमणि अकाली दल और भाजपा के 25 साल पुराने गठबंधन को फिर से जीवित करने की चर्चा तेज हो रही है।
पंजाब के राजनैतिक नेता हरसिमरत ने शिरोमणि अकाली दल (एसएडी) और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के बीच पुराने गठबंधन को फिर से जीवित करने की चर्चा में केंद्र सरकार के साथ निकट तालमेल की आवश्यकता पर ज़ोर दिया। उनका यह बयान आगामी चुनावी माहौल में राज्य की राजनीतिक दिशा को बदल सकता है।
एसएडी‑भाजपा गठबंधन, जो दो दशकों से अधिक समय से चल रहा था, हाल के वर्षों में नीति असहमति और चुनावी रणनीतियों के कारण टूट गया था। इस गठबंधन को पुनर्जीवित करने से दो प्रमुख मतदाताओं के समूह फिर से एक साथ हो सकते हैं, जो पंजाब की राजनीति में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते रहे हैं।
हरसिमरत ने कहा कि किसी भी नई गठबंधन को राष्ट्रीय प्राथमिकताओं के साथ संरेखित होना चाहिए, इसलिए केंद्र‑राज्य तालमेल अनिवार्य है। विशेषज्ञों का मानना है कि यह पुनर्संयोजन राज्य शासन और आगामी लोकसभा चुनाव में दोनों दलों के प्रदर्शन को प्रभावित कर सकता है।
अब तक दोनों पार्टियों ने आधिकारिक रूप से कोई घोषणा नहीं की है, पर स्रोतों के अनुसार वरिष्ठ नेताओं के बीच संभावित संयुक्त मंच पर चर्चा चल रही है, जिसमें केंद्र सरकार की भूमिका निर्णायक होगी।
एसएडी‑भाजपा गठबंधन, जो दो दशकों से अधिक समय से चल रहा था, हाल के वर्षों में नीति असहमति और चुनावी रणनीतियों के कारण टूट गया था। इस गठबंधन को पुनर्जीवित करने से दो प्रमुख मतदाताओं के समूह फिर से एक साथ हो सकते हैं, जो पंजाब की राजनीति में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते रहे हैं।
हरसिमरत ने कहा कि किसी भी नई गठबंधन को राष्ट्रीय प्राथमिकताओं के साथ संरेखित होना चाहिए, इसलिए केंद्र‑राज्य तालमेल अनिवार्य है। विशेषज्ञों का मानना है कि यह पुनर्संयोजन राज्य शासन और आगामी लोकसभा चुनाव में दोनों दलों के प्रदर्शन को प्रभावित कर सकता है।
अब तक दोनों पार्टियों ने आधिकारिक रूप से कोई घोषणा नहीं की है, पर स्रोतों के अनुसार वरिष्ठ नेताओं के बीच संभावित संयुक्त मंच पर चर्चा चल रही है, जिसमें केंद्र सरकार की भूमिका निर्णायक होगी।