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25 अक्टू. 2026•
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एन जी ओ के खिलाफ रसोइयों का हल्ला बोल 3 नवंबर को

✍️ रिपोर्टर: Awanish Kumar 🗓 25 अक्टू. 2026, 07:30 PM 👁 17
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3नवंबर को सुगौली में रसोइयों का निकलेगा पैदल मार्च रोजगार छीनने का आरोप

मोतिहारीसे अवनीश कुमार कि रिपोर्ट


NGO के खिलाफ रसोइयों का हल्ला बोल 3 नवंबर को सुगौली में निकलेगा पैदल मार्च निकलेगा पैदल मार्च,रोजगार छिनने का आरोप



एंकर:-मोतिहारी के सुगौली नगर परिषद क्षेत्र में स्कूलों में बच्चों के लिए मध्यान भोजन तैयार करने की जिम्मेदारी अब शिक्षा बिभाग के द्वारा NGO को सौंपे जाने के विरोध में रसोइया संघ ने आंदोलन का बिगुल फूंक दिया है।इसको लेकर भोला साह की उपस्थिति में रीना देवी की अध्यक्षता में रसोइया संघ की बैठक आयोजित की गई।बैठक में रसोइयों ने अपनी समस्याओं पर चर्चा करते हुए आगामी 3 नवंबर को पैदल मार्च निकालने का निर्णय लिया।रसोइया संघ के अनुसार 3 नवंबर को छपवा चौक से सुगौली थाना स्थित गांधी स्मारक तक पैदल मार्च निकाला जाएगा।इस दौरान रसोइए स्कूलों में NGO के माध्यम से भोजन बनवाने की व्यवस्था का विरोध करेंगे और अपनी मांगों को उठाएंगे।बैठक में शामिल रसोइयों ने आरोप लगाया कि NGO के माध्यम से स्कूलों में भोजन तैयार कराने की व्यवस्था लागू होने से स्थानीय रसोइयों का रोजगार प्रभावित हो रहा है।उनका कहना है कि वर्षों से स्कूलों में बच्चों के लिए भोजन तैयार करने वाले रसोइयों के सामने अब रोजी-रोटी का संकट खड़ा हो गया है।रसोइयों ने यह भी आरोप लगाया कि NGO को बूचड़खाने के आसपास स्थापित किया गया है,जो उनके अनुसार उचित नहीं है।इसके साथ ही उन्होंने बच्चों को बासी भोजन परोसे जाने की शिकायत करते हुए कहा कि ऐसा भोजन बच्चों के स्वास्थ्य के लिए हानिकारक हो सकता है।हालांकि इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।रसोइया संघ की बैठक में शामिल सदस्यों ने कहा कि बच्चों को गुणवत्तापूर्ण और ताजा भोजन उपलब्ध कराना जरूरी है।साथ ही वर्षों से इस कार्य में लगे रसोइयों के रोजगार और भविष्य की भी अनदेखी नहीं होनी चाहिए।इसी उद्देश्य से संघ ने पैदल मार्च के जरिए अपनी मांगों को प्रशासन तक पहुंचाने का निर्णय लिया है।बैठक में लालबाबू राम,भागीरथी देवी,जीवनी देवी,फात्मा खातून,सीमा देवी,रूबी देवी,ललिता देवी,गोदावरी देवी,बबिता देवी सहित दर्जनों रसोइया मौजूद रहे।अब सबकी निगाहें 3 नवंबर को होने वाले पैदल मार्च पर टिकी हैं।रसोइया संघ का यह आंदोलन सुगौली में स्कूलों के भोजन की व्यवस्था,बच्चों को मिलने वाले भोजन की गुणवत्ता और स्थानीय रसोइयों के रोजगार से जुड़े मुद्दों को लेकर महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
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