📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Ministry of Parliamentary Affairs
राजनीति
कांग्रेस ने किरन रिजिजू को ‘स्टंट मास्टर’ कहा, तैराकी पोस्ट पर; उन्होंने दिया ‘टेक्निक’ जवाब
✍️ Hindustan Times
🗓 25 अग. 2026, 01:33 AM
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कांग्रेस ने अरुणाचल में अपनी तैराकी की वीडियो पोस्ट करने पर किरन रिजिजू को ‘स्टंट मास्टर’ कहा। रिजिजू ने कहा कि यह पोस्ट एक तकनीक दिखाने के लिए थी।
कांग्रेस के नेताओं ने अरुणाचल प्रदेश में अपनी तैराकी का वीडियो पोस्ट करने पर केंद्रीय मंत्री किरन रिजिजू की कड़ी निंदा की। उन्होंने इस कदम को ‘स्टंट मास्टर’ कहकर एक प्रचारात्मक चाल बताया और यह सवाल उठाया कि यह उनके मंत्रालयीय कार्यों से कैसे जुड़ा है।
रिजिजू ने सोशल मीडिया पर जवाब देते हुए कहा कि यह क्लिप एक विशेष तैराकी तकनीक को दिखाने के उद्देश्य से बनाई गई थी, न कि किसी राजनीतिक चाल के रूप में। उन्होंने फिटनेस और कौशल विकास को बढ़ावा देने के लिए व्यक्तिगत प्रयास को उजागर किया।
इस विवाद ने मंत्रियों की सोशल‑मीडिया गतिविधियों पर बढ़ती जांच को उजागर किया है, जहाँ विपक्षी दल अधिक शालीनता की मांग कर रहे हैं, जबकि सरकार अधिकारियों को व्यक्तिगत उपलब्धियों को साझा करने का अधिकार देने की वकालत कर रही है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह घटना आगामी चुनावी लड़ाइयों के संदर्भ में ruling party और विपक्ष के बीच बढ़ते तनाव को दर्शाती है, जहाँ हर सार्वजनिक बयान को राजनीतिक लाभ के लिए तौलते हैं।
वर्तमान में गृह मंत्रालय ने इस मुद्दे पर कोई आधिकारिक टिप्पणी नहीं की है, और वीडियो मंत्री के सत्यापित खातों पर उपलब्ध है।
रिजिजू ने सोशल मीडिया पर जवाब देते हुए कहा कि यह क्लिप एक विशेष तैराकी तकनीक को दिखाने के उद्देश्य से बनाई गई थी, न कि किसी राजनीतिक चाल के रूप में। उन्होंने फिटनेस और कौशल विकास को बढ़ावा देने के लिए व्यक्तिगत प्रयास को उजागर किया।
इस विवाद ने मंत्रियों की सोशल‑मीडिया गतिविधियों पर बढ़ती जांच को उजागर किया है, जहाँ विपक्षी दल अधिक शालीनता की मांग कर रहे हैं, जबकि सरकार अधिकारियों को व्यक्तिगत उपलब्धियों को साझा करने का अधिकार देने की वकालत कर रही है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह घटना आगामी चुनावी लड़ाइयों के संदर्भ में ruling party और विपक्ष के बीच बढ़ते तनाव को दर्शाती है, जहाँ हर सार्वजनिक बयान को राजनीतिक लाभ के लिए तौलते हैं।
वर्तमान में गृह मंत्रालय ने इस मुद्दे पर कोई आधिकारिक टिप्पणी नहीं की है, और वीडियो मंत्री के सत्यापित खातों पर उपलब्ध है।