📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Ginevrajocosa88
सरकारी योजना
छत्तीसगढ़ के सीएम ने सेवा संकल्प अभियान में जनता की भागीदारी का आह्वान किया
✍️ Indianmasterminds
🗓 16 सित. 2026, 12:46 AM
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छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री ने सेवा संकल्प अभियान में जनता की भागीदारी का आग्रह किया, जो सामुदायिक विकास के लिए स्वयंसेवकों को जुटाने वाला राज्य‑स्तरीय कार्यक्रम है।
रायपुर, छत्तीसगढ़ – छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री ने राज्य भर के नागरिकों से सेवा संकल्प अभियान में सक्रिय रूप से भाग लेने का आग्रह किया। यह अभियान राज्य सरकार द्वारा शुरू किया गया है, जिसका उद्देश्य स्वास्थ्य जागरूकता से लेकर बुनियादी ढाँचे के रख‑रखाव तक विभिन्न सार्वजनिक कार्यों में स्वयंसेवकों को जुटाना है।
मुख्यमंत्री ने अपने बयान में कहा कि इस पहल की सफलता के लिए व्यापक सामुदायिक भागीदारी आवश्यक है और स्कूलों, एनजीओ और स्थानीय निकायों से समन्वय करने का आह्वान किया। उन्होंने बताया कि यह कार्यक्रम नागरिकों में सेवा भावना और जवाबदेही को बढ़ावा देने के राज्य के व्यापक लक्ष्य के अनुरूप है।
सेवा संकल्प अभियान जिला‑स्तरीय समितियों के माध्यम से कार्य करेगा, जो प्राथमिक कार्यों की पहचान कर स्वयंसेवकों को संगठित करेगी। अधिकारियों ने कहा कि पारदर्शिता और संसाधनों के प्रभावी उपयोग को सुनिश्चित करने के लिए नियमित निगरानी और प्रतिक्रिया तंत्र स्थापित किए जाएंगे।
यह सार्वजनिक भागीदारी का आह्वान तब आया है, जब राज्य जमीनी स्तर पर विकास और नागरिक‑केंद्रित शासन पर ध्यान केंद्रित कर रहा है। इच्छुक व्यक्तियों और समूहों को आधिकारिक पोर्टलों और स्थानीय कार्यालयों के माध्यम से पंजीकरण करने के लिए आमंत्रित किया गया है।
सरकार का मानना है कि निरंतर सार्वजनिक सहभागिता न केवल सेवा वितरण को बेहतर बनाएगी, बल्कि छत्तीसगढ़ की विविध समुदायों में सामाजिक एकता को भी सुदृढ़ करेगी।
मुख्यमंत्री ने अपने बयान में कहा कि इस पहल की सफलता के लिए व्यापक सामुदायिक भागीदारी आवश्यक है और स्कूलों, एनजीओ और स्थानीय निकायों से समन्वय करने का आह्वान किया। उन्होंने बताया कि यह कार्यक्रम नागरिकों में सेवा भावना और जवाबदेही को बढ़ावा देने के राज्य के व्यापक लक्ष्य के अनुरूप है।
सेवा संकल्प अभियान जिला‑स्तरीय समितियों के माध्यम से कार्य करेगा, जो प्राथमिक कार्यों की पहचान कर स्वयंसेवकों को संगठित करेगी। अधिकारियों ने कहा कि पारदर्शिता और संसाधनों के प्रभावी उपयोग को सुनिश्चित करने के लिए नियमित निगरानी और प्रतिक्रिया तंत्र स्थापित किए जाएंगे।
यह सार्वजनिक भागीदारी का आह्वान तब आया है, जब राज्य जमीनी स्तर पर विकास और नागरिक‑केंद्रित शासन पर ध्यान केंद्रित कर रहा है। इच्छुक व्यक्तियों और समूहों को आधिकारिक पोर्टलों और स्थानीय कार्यालयों के माध्यम से पंजीकरण करने के लिए आमंत्रित किया गया है।
सरकार का मानना है कि निरंतर सार्वजनिक सहभागिता न केवल सेवा वितरण को बेहतर बनाएगी, बल्कि छत्तीसगढ़ की विविध समुदायों में सामाजिक एकता को भी सुदृढ़ करेगी।