📷 चित्र स्रोत: Flickr (CC)
अपराध
वैशाली के चेहराकलां में बीपीएससी शिक्षिका मधु पाल की किराये के घर में फांसी
✍️ Amar Ujala · Bihar
🗓 30 अग. 2026, 11:17 AM
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27 वर्षीय बीपीएससी शिक्षिका मधु पाल को शनिवार रात स्कूल के पास किराये के कमरे में फांसी लगते हुए पाया गया।
वैशाली जिले के चेहराकलां में 27 वर्षीय बीपीएससी शिक्षिका मधु पाल का शव शनिवार देर रात स्कूल के पास स्थित किराये के कमरे में पंखे से लटका मिला। पुलिस ने बताया कि शिक्षक को उसी कमरे में फांसी लगते हुए पाया गया और तुरंत जांच शुरू की गई।
स्थानीय स्रोतों के अनुसार, मधु पाल स्कूल के पास अस्थायी रूप से किराये के फ्लैट में रह रही थीं। पड़ोसियों ने असामान्य आवाज़ें सुनीं और पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद अधिकारी उस कमरे में पहुँचे और मृत शरीर पाया।
यह घटना स्थानीय समुदाय में घबराहट पैदा कर रही है और शिक्षकों की सुरक्षा को लेकर सवाल उठाए हैं। पुलिस ने इस मामले को संभावित हत्या के रूप में दर्ज किया है और पड़ोसियों व सहकर्मियों से पूछताछ शुरू कर दी है ताकि मौत के कारणों का पता लगाया जा सके।
बिहार पुलिस ने अभी तक फोरेंसिक रिपोर्ट जारी नहीं की है और आगे की जानकारी के लिए इंतजार कर रही है। जहाँ मधु पाल पढ़ाती थीं, उस स्कूल ने शोक व्यक्त किया और जांच में सहयोग का आश्वासन दिया है।
पुलिस ने जनता से अपील की है कि यदि किसी को कोई जानकारी हो तो तुरंत बताये, क्योंकि जांच अभी जारी है और आधिकारिक पोस्ट‑मॉर्टेम के बाद ही मौत का सटीक कारण ज्ञात होगा।
स्थानीय स्रोतों के अनुसार, मधु पाल स्कूल के पास अस्थायी रूप से किराये के फ्लैट में रह रही थीं। पड़ोसियों ने असामान्य आवाज़ें सुनीं और पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद अधिकारी उस कमरे में पहुँचे और मृत शरीर पाया।
यह घटना स्थानीय समुदाय में घबराहट पैदा कर रही है और शिक्षकों की सुरक्षा को लेकर सवाल उठाए हैं। पुलिस ने इस मामले को संभावित हत्या के रूप में दर्ज किया है और पड़ोसियों व सहकर्मियों से पूछताछ शुरू कर दी है ताकि मौत के कारणों का पता लगाया जा सके।
बिहार पुलिस ने अभी तक फोरेंसिक रिपोर्ट जारी नहीं की है और आगे की जानकारी के लिए इंतजार कर रही है। जहाँ मधु पाल पढ़ाती थीं, उस स्कूल ने शोक व्यक्त किया और जांच में सहयोग का आश्वासन दिया है।
पुलिस ने जनता से अपील की है कि यदि किसी को कोई जानकारी हो तो तुरंत बताये, क्योंकि जांच अभी जारी है और आधिकारिक पोस्ट‑मॉर्टेम के बाद ही मौत का सटीक कारण ज्ञात होगा।