📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / U.S. Department of State from United States
रक्षा
अजित डोवल ने चीन के विदेश मंत्री से अरुणाचल सीमा मुद्दे पर की प्रमुख बातचीत
✍️ India Today
🗓 26 अग. 2026, 08:34 AM
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राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजित डोवल और चीन के विदेश मंत्री ने अरुणाचल प्रदेश सीमा पर बढ़ते तनाव को सुलझाने के लिए नई दिल्ली में प्रमुख बातचीत की।
नई दिल्ली – भारत के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजित डोवल ने चीन के विदेश मंत्री के साथ अरुणाचल प्रदेश सीमा विवाद को कम करने के लिए एक उच्च‑स्तरीय बातचीत की। दोनों पक्षों ने हालिया सैनिक तैनाती और बुनियादी ढाँचा परियोजनाओं पर अपने‑अपने विचार साझा किए, जो सीमा पर तनाव को बढ़ा रहे हैं।
भाषा में इसे “रचनात्मक” बताया गया, और बातचीत में विश्वास‑निर्माण उपायों तथा आकस्मिक टकराव को रोकने के लिए नियमित संवाद की रूपरेखा पर चर्चा हुई। सूत्रों के अनुसार, पिछले सीमा प्रबंधन समझौतों की कार्यवाही भी समीक्षा की गई।
हालाँकि कोई संयुक्त बयान जारी नहीं किया गया, दोनों देशों ने स्थिति के बदलते माहौल में कूटनीतिक संवाद को खुला रखने की इच्छा जताई। विशेषज्ञों का मानना है कि यह संवाद व्यापक टकराव से बचने की दोनों सरकारों की इच्छा को दर्शाता है, जबकि अरुणाचल प्रदेश के स्थानीय लोग इस तनाव के प्रभाव को महसूस कर रहे हैं।
यह बैठक नई दिल्ली की रणनीति को उजागर करती है, जिसमें कूटनीतिक जुड़ाव को मजबूत रक्षा स्थिति के साथ मिलाकर उत्तर‑पूर्व में अपने क्षेत्रीय दावों की रक्षा की जा रही है।
भाषा में इसे “रचनात्मक” बताया गया, और बातचीत में विश्वास‑निर्माण उपायों तथा आकस्मिक टकराव को रोकने के लिए नियमित संवाद की रूपरेखा पर चर्चा हुई। सूत्रों के अनुसार, पिछले सीमा प्रबंधन समझौतों की कार्यवाही भी समीक्षा की गई।
हालाँकि कोई संयुक्त बयान जारी नहीं किया गया, दोनों देशों ने स्थिति के बदलते माहौल में कूटनीतिक संवाद को खुला रखने की इच्छा जताई। विशेषज्ञों का मानना है कि यह संवाद व्यापक टकराव से बचने की दोनों सरकारों की इच्छा को दर्शाता है, जबकि अरुणाचल प्रदेश के स्थानीय लोग इस तनाव के प्रभाव को महसूस कर रहे हैं।
यह बैठक नई दिल्ली की रणनीति को उजागर करती है, जिसमें कूटनीतिक जुड़ाव को मजबूत रक्षा स्थिति के साथ मिलाकर उत्तर‑पूर्व में अपने क्षेत्रीय दावों की रक्षा की जा रही है।