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16 सित. 2026
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असम, गुजरात, मध्य प्रदेश में यूसीसी बिल पारित, राष्ट्रपति की स्वीकृति की प्रतीक्षा
📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / GeoEvan (www.polgeonow.com)
राजनीति

असम, गुजरात, मध्य प्रदेश में यूसीसी बिल पारित, राष्ट्रपति की स्वीकृति की प्रतीक्षा

✍️ Hindustan Times 🗓 16 सित. 2026, 07:33 AM 👁 12
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असम, गुजरात और मध्य प्रदेश की विधानसभाओं ने यूसीसी बिल पारित कर दिए हैं; अब राष्ट्रपति की स्वीकृति का इंतजार है, जबकि प्रधानमंत्री शाह ने एनडीए राज्यों के लिए 2029 की समयसीमा तय की है।

असम, गुजरात और मध्य प्रदेश की विधानसभाओं ने समान नागरिक संहिता (यूसीसी) को अपनाने के लिए विधेयक पारित कर दिया है। ये विधेयक व्यक्तिगत धार्मिक कानूनों को हटाकर एक समान नागरिक नियम लागू करने का लक्ष्य रखते हैं और अब राष्ट्रपति की स्वीकृति के लिए भेजे गए हैं।

प्रधानमंत्री नरेंद्र शाह ने सभी एनडीए‑शासित राज्यों को 2029 तक यूसीसी अपनाने की समयसीमा निर्धारित की है। उन्होंने कहा कि समान नागरिक कानून सामाजिक एकता और लैंगिक समानता को बढ़ावा देगा।

राष्ट्रपति की स्वीकृति मिलने के बाद ही इन तीन राज्यों में यूसीसी लागू किया जा सकेगा। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह कदम अन्य राज्यों के लिए मिसाल स्थापित कर सकता है, जबकि विपक्षी दलों ने धार्मिक स्वतंत्रता पर संभावित असर की चेतावनी दी है।

महिला अधिकार समूह और कानूनी विशेषज्ञ इस विकास को बारीकी से देख रहे हैं, क्योंकि इससे विवाह, तलाक, विरासत और परिवारिक मामलों में बड़े बदलाव आ सकते हैं।

केंद्रीय सरकार ने बताया कि राष्ट्रपति की स्वीकृति के परिणाम के आधार पर अन्य एनडीए राज्यों में भी समान विधेयक पेश किए जा सकते हैं।
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