📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / DiplomatTesterMan
बिज़नेस
दो साल की बाजार स्थिरीकरण से अगली बुल रन की संभावनाएँ, ईटी बताता
✍️ The Economic Times
🗓 28 अग. 2026, 08:20 AM
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इकोनॉमिक टाइम्स के विश्लेषकों ने कहा, दो साल की बाजार स्थिरीकरण अगली बड़ी बुल रन की नींव रख सकती है।
इकोनॉमिक टाइम्स ने बताया कि भारतीय शेयर बाजार ने लगभग दो साल तक स्थिरीकरण की अवस्था में रहकर प्रमुख सूचकांकों को संकीर्ण दायरे में ट्रेड किया है, जबकि महामारी‑के बाद की तेज़ी के बाद कीमतों में उतार‑चढ़ाव कम रहा। इस अवधि में निवेशकों ने स्पष्ट दिशा‑संकेत की प्रतीक्षा की है।
लेख में उद्धृत बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसी लंबी स्थिरीकरण अवधि अक्सर एक मजबूत ऊपर की चाल से पहले आती है, क्योंकि यह मूल्यों को स्थिर करने और पूँजी को इकट्ठा करने का अवसर देती है। जब आपूर्ति‑मांग का संतुलन बदलता है, तो जमा‑होया खरीद दबाव तेज़ मूल्य वृद्धि को जन्म दे सकता है, जिसे बुल रन कहा जाता है।
यदि अगली बुल रन शुरू होती है, तो विशेषज्ञों का कहना है कि यह व्यापक शेयरों को ऊपर ले जा सकती है, जिससे खुदरा और संस्थागत दोनों निवेशकों को लाभ हो सकता है। फिर भी, वे समय‑सारिणी अनिश्चित रहने के कारण स्पष्ट संकेत मिलने तक सतर्क रहने की सलाह देते हैं।
लेख में उद्धृत बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसी लंबी स्थिरीकरण अवधि अक्सर एक मजबूत ऊपर की चाल से पहले आती है, क्योंकि यह मूल्यों को स्थिर करने और पूँजी को इकट्ठा करने का अवसर देती है। जब आपूर्ति‑मांग का संतुलन बदलता है, तो जमा‑होया खरीद दबाव तेज़ मूल्य वृद्धि को जन्म दे सकता है, जिसे बुल रन कहा जाता है।
यदि अगली बुल रन शुरू होती है, तो विशेषज्ञों का कहना है कि यह व्यापक शेयरों को ऊपर ले जा सकती है, जिससे खुदरा और संस्थागत दोनों निवेशकों को लाभ हो सकता है। फिर भी, वे समय‑सारिणी अनिश्चित रहने के कारण स्पष्ट संकेत मिलने तक सतर्क रहने की सलाह देते हैं।