📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Brendonmotom
बिज़नेस
त्रिपुरा नई एफ़टीए से निर्यात‑उन्मुख विकास में आगे, संयुक्त सचिव ने कहा
✍️ TRIPURA STAR NEWS
🗓 05 नव. 2026, 02:17 AM
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संयुक्त सचिव ने कहा कि नई पीढ़ी के मुक्त व्यापार समझौतों का उपयोग कर त्रिपुरा उत्तर‑पूर्व में निर्यात‑उन्मुख विकास का नेतृत्व करेगा।
कोलकाता, 4 नवंबर (त्रिपुरा स्टार न्यूज) – एक वरिष्ठ संयुक्त सचिव ने बताया कि त्रिपुरा उत्तर‑पूर्व भारत में निर्यात‑उन्मुख विकास का प्रमुख इंजन बनने की स्थिति में है। राज्य ने नई पीढ़ी के मुक्त व्यापार समझौतों का लाभ उठाने की योजना बनाई है, जो स्थानीय उत्पादकों के लिए कम शुल्क और व्यापक बाजार पहुंच सुनिश्चित करेंगे।
अधिकारी के अनुसार, ये समझौते कृषि उत्पाद, हस्तशिल्प और निर्मित वस्तुओं जैसे प्रमुख क्षेत्रों को कवर करते हैं, जिससे त्रिपुरा के उद्यम अंतर्राष्ट्रीय बाजारों में अधिक प्रतिस्पर्धी बनेंगे। सरकार बुनियादी ढांचे के उन्नयन और निर्यात सुविधा सेवाओं सहित सहायक उपायों की तैयारी कर रही है, ताकि कार्यान्वयन सुगम हो सके।
उद्योग विशेषज्ञों का मानना है कि बांग्लादेश की सीमा के साथ त्रिपुरा का रणनीतिक स्थान और आसियान देशों के निकटता इन नई एफ़टीए के लाभ को बढ़ा सकती है। यदि राज्य इन व्यापार समझौतों को सफलतापूर्वक लागू करता है, तो यह पूरे उत्तर‑पूर्व में निर्यात‑उन्मुख विकास का मानक स्थापित कर सकता है।
संयुक्त सचिव ने कहा कि यह पहल केंद्रीय सरकार के भारत की व्यापारिक पहुंच बढ़ाने और क्षेत्रीय आर्थिक संतुलन को सुदृढ़ करने के व्यापक लक्ष्य के अनुरूप है।
अधिकारी के अनुसार, ये समझौते कृषि उत्पाद, हस्तशिल्प और निर्मित वस्तुओं जैसे प्रमुख क्षेत्रों को कवर करते हैं, जिससे त्रिपुरा के उद्यम अंतर्राष्ट्रीय बाजारों में अधिक प्रतिस्पर्धी बनेंगे। सरकार बुनियादी ढांचे के उन्नयन और निर्यात सुविधा सेवाओं सहित सहायक उपायों की तैयारी कर रही है, ताकि कार्यान्वयन सुगम हो सके।
उद्योग विशेषज्ञों का मानना है कि बांग्लादेश की सीमा के साथ त्रिपुरा का रणनीतिक स्थान और आसियान देशों के निकटता इन नई एफ़टीए के लाभ को बढ़ा सकती है। यदि राज्य इन व्यापार समझौतों को सफलतापूर्वक लागू करता है, तो यह पूरे उत्तर‑पूर्व में निर्यात‑उन्मुख विकास का मानक स्थापित कर सकता है।
संयुक्त सचिव ने कहा कि यह पहल केंद्रीय सरकार के भारत की व्यापारिक पहुंच बढ़ाने और क्षेत्रीय आर्थिक संतुलन को सुदृढ़ करने के व्यापक लक्ष्य के अनुरूप है।