स्वास्थ्य
देवरिया: मंगराज खजूरी पीएचसी बदहाल, परिसर में खरपतवार और टूटी टंकियां
देवरिया जनपद के सलेमपुर विकासखंड में स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र मंगराज खजूरी (आयुष्मान आरोग्य मंदिर) बदहाली का शिकार है। केंद्र परिसर में उगे खरपतवार और टूटी हुई पानी की टंकियां इसकी जर्जर हालत को बयां कर रही हैं।
देवरिया जनपद के सलेमपुर विकासखंड के अंतर्गत आने वाला प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र मंगराज खजूरी (आयुष्मान आरोग्य मंदिर) इन दिनों उपेक्षा का शिकार है। केंद्र परिसर में चारों ओर उगे खरपतवार और टूटी हुई पानी की टंकियां इस स्वास्थ्य सुविधा की दयनीय स्थिति को स्पष्ट रूप से दर्शा रही हैं। यह बदहाली स्थानीय निवासियों के लिए चिंता का विषय बनी हुई है, जो इस केंद्र पर स्वास्थ्य सेवाओं के लिए निर्भर हैं।
केंद्र की जर्जर हालत न केवल अव्यवस्था का संकेत देती है, बल्कि स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता पर भी सवाल खड़े करती है। टूटी हुई पानी की टंकियों से स्वच्छता बनाए रखना भी एक चुनौती हो सकती है, जो संक्रमण फैलने के जोखिम को बढ़ा सकती है। इस प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र की स्थिति को सुधारने के लिए तत्काल ध्यान देने की आवश्यकता है।
स्थानीय प्रशासन से अपेक्षा की जाती है कि वह इस मामले को गंभीरता से ले और स्वास्थ्य केंद्र के कायाकल्प के लिए आवश्यक कदम उठाए। एक सुचारू और स्वच्छ स्वास्थ्य केंद्र क्षेत्र के निवासियों को बेहतर चिकित्सा सुविधाएँ प्रदान करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है। क्षेत्र के अजय कुमार शुक्ला का कहना है कि इस केंद्र पर कोई ध्यान नही दिया गया जो मरीज का इलाज क्या करेगा यह केंद्र खुद बदहाली का शिकार है
केंद्र की जर्जर हालत न केवल अव्यवस्था का संकेत देती है, बल्कि स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता पर भी सवाल खड़े करती है। टूटी हुई पानी की टंकियों से स्वच्छता बनाए रखना भी एक चुनौती हो सकती है, जो संक्रमण फैलने के जोखिम को बढ़ा सकती है। इस प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र की स्थिति को सुधारने के लिए तत्काल ध्यान देने की आवश्यकता है।
स्थानीय प्रशासन से अपेक्षा की जाती है कि वह इस मामले को गंभीरता से ले और स्वास्थ्य केंद्र के कायाकल्प के लिए आवश्यक कदम उठाए। एक सुचारू और स्वच्छ स्वास्थ्य केंद्र क्षेत्र के निवासियों को बेहतर चिकित्सा सुविधाएँ प्रदान करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है। क्षेत्र के अजय कुमार शुक्ला का कहना है कि इस केंद्र पर कोई ध्यान नही दिया गया जो मरीज का इलाज क्या करेगा यह केंद्र खुद बदहाली का शिकार है