तिकोनिया पार्क सुल्तानपुर बना जंग का मैदान
क्षेत्रीय संगठन का गंभीर आरोप
सुल्तानपुर के तिकोनिया पार्क में प्रसिद्ध अवधी गायक और यूट्यूबर संजय यदुवंशी के पुलिसिया कार्रवाई के खिलाफ धरने के बाद मामले ने एक बिल्कुल नया और गंभीर मोड़ ले लिया है। शुक्रवार को हुए इस प्रदर्शन के बाद क्षेत्रीय संगठन भारत विकास परिषद के पदाधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों पर गंभीर आरोप लगाते हुए पुलिस प्रशासन से तुरंत सख्त कार्रवाई की मांग की है।
भारत विकास परिषद का कहना है कि तिकोनिया पार्क में धरने और रैली के दौरान प्रदर्शनकारियों ने अमर्यादित व्यवहार किया। संगठन के पदाधिकारियों के अनुसार, प्रदर्शन में शामिल कुछ तत्वों ने जूते-चप्पल पहनकर पार्क में लगी स्वामी विवेकानंद जी की मूर्ति पर चढ़कर उनका अपमान किया। इसके अलावा, वहां लगे संविधान निर्माता बाबा साहब डॉ. भीमराव अम्बेडकर का चित्र (पोस्टर) फाड़कर नाली में फेंक दिया गया। संगठन का आरोप है कि इस कृत्य से दोनों महान विभूतियों का घोर अपमान हुआ है और सार्वजनिक संपत्ति को भी काफी नुकसान पहुंचाया गया है।
एफआईआर (FIR) दर्ज करने की मांग तेज
इस घटना से स्थानीय सामाजिक संगठनों और प्रबुद्ध वर्ग में भारी आक्रोश व्याप्त है। भारत विकास परिषद के पदाधिकारियों (जिनमें परिषद के कोषाध्यक्ष आदित्य अग्रहरि व अन्य शामिल हैं) ने इस मामले में पुलिस प्रशासन को तहरीर देकर दोषियों की पहचान करने और महापुरुषों के अपमान तथा सार्वजनिक संपत्ति को क्षति पहुंचाने की धाराओं में तुरंत कड़ी एफआईआर दर्ज कर सख्त कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है।
क्या था पूरा मामला?
• पुलिस की दबिश से शुरू हुआ विवाद: धम्मौर थाने की पुलिस बीते दिनों जफरुल हसन नामक व्यक्ति द्वारा दर्ज कराए गए मारपीट और जानलेवा हमले (कोतवाली नगर में वांछित मामला) के सिलसिले में संजय यदुवंशी के घर देर रात दबिश देने पहुंची थी।
• एनकाउंटर की आशंका और धरना: पुलिस के दीवार लांघकर घर में घुसने और कथित अभद्रता का वीडियो वायरल होने के बाद, संजय के पिता ने एनकाउंटर की आशंका जताई थी। इसके विरोध में और धम्मौर एसएचओ को सस्पेंड करने की मांग को लेकर 9 अक्टूबर को तिकोनिया पार्क में हजारों समर्थकों की भीड़ जुटी थी।
• अब नया मोड़: शांतिपूर्ण ढंग से शुरू हुए इस प्रदर्शन में अब महापुरुषों की मूर्तियों व चित्रों के साथ हुई बदसलूकी के आरोपों के बाद सामाजिक और जातीय वैमनस्यता बढ़ने का खतरा पैदा हो गया है, जिसके चलते पुलिस और प्रशासन पूरी तरह सतर्क है।
प्रशासन ने आश्वासन दिया है कि पार्क में लगे सीसीटीवी फुटेज और वीडियो की जांच कर दोषियों के खिलाफ आवश्यक विधिक कदम उठाए जाएंगे।
घटनाक्रम का विवरण मुख्य तथ्य / पक्ष
मुख्य आरोपी/प्रदर्शनकारी यूट्यूबर व अवधी गायक संजय यदुवंशी और उनके समर्थक
धरना स्थल तिकोनिया पार्क, सुल्तानपुर
क्षेत्रीय संगठन का आरोप स्वामी विवेकानंद की मूर्ति पर जूते पहनकर चढ़ना, बाबा साहब अम्बेडकर का चित्र फाड़कर नाली में फेंकना
शिकायतकर्ता संगठन भारत विकास परिषद (FIR की मांग)
नीड 24 न्यूज इस खबर की पुष्टि नहीं करता है
भारत विकास परिषद का कहना है कि तिकोनिया पार्क में धरने और रैली के दौरान प्रदर्शनकारियों ने अमर्यादित व्यवहार किया। संगठन के पदाधिकारियों के अनुसार, प्रदर्शन में शामिल कुछ तत्वों ने जूते-चप्पल पहनकर पार्क में लगी स्वामी विवेकानंद जी की मूर्ति पर चढ़कर उनका अपमान किया। इसके अलावा, वहां लगे संविधान निर्माता बाबा साहब डॉ. भीमराव अम्बेडकर का चित्र (पोस्टर) फाड़कर नाली में फेंक दिया गया। संगठन का आरोप है कि इस कृत्य से दोनों महान विभूतियों का घोर अपमान हुआ है और सार्वजनिक संपत्ति को भी काफी नुकसान पहुंचाया गया है।
एफआईआर (FIR) दर्ज करने की मांग तेज
इस घटना से स्थानीय सामाजिक संगठनों और प्रबुद्ध वर्ग में भारी आक्रोश व्याप्त है। भारत विकास परिषद के पदाधिकारियों (जिनमें परिषद के कोषाध्यक्ष आदित्य अग्रहरि व अन्य शामिल हैं) ने इस मामले में पुलिस प्रशासन को तहरीर देकर दोषियों की पहचान करने और महापुरुषों के अपमान तथा सार्वजनिक संपत्ति को क्षति पहुंचाने की धाराओं में तुरंत कड़ी एफआईआर दर्ज कर सख्त कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है।
क्या था पूरा मामला?
• पुलिस की दबिश से शुरू हुआ विवाद: धम्मौर थाने की पुलिस बीते दिनों जफरुल हसन नामक व्यक्ति द्वारा दर्ज कराए गए मारपीट और जानलेवा हमले (कोतवाली नगर में वांछित मामला) के सिलसिले में संजय यदुवंशी के घर देर रात दबिश देने पहुंची थी।
• एनकाउंटर की आशंका और धरना: पुलिस के दीवार लांघकर घर में घुसने और कथित अभद्रता का वीडियो वायरल होने के बाद, संजय के पिता ने एनकाउंटर की आशंका जताई थी। इसके विरोध में और धम्मौर एसएचओ को सस्पेंड करने की मांग को लेकर 9 अक्टूबर को तिकोनिया पार्क में हजारों समर्थकों की भीड़ जुटी थी।
• अब नया मोड़: शांतिपूर्ण ढंग से शुरू हुए इस प्रदर्शन में अब महापुरुषों की मूर्तियों व चित्रों के साथ हुई बदसलूकी के आरोपों के बाद सामाजिक और जातीय वैमनस्यता बढ़ने का खतरा पैदा हो गया है, जिसके चलते पुलिस और प्रशासन पूरी तरह सतर्क है।
प्रशासन ने आश्वासन दिया है कि पार्क में लगे सीसीटीवी फुटेज और वीडियो की जांच कर दोषियों के खिलाफ आवश्यक विधिक कदम उठाए जाएंगे।
घटनाक्रम का विवरण मुख्य तथ्य / पक्ष
मुख्य आरोपी/प्रदर्शनकारी यूट्यूबर व अवधी गायक संजय यदुवंशी और उनके समर्थक
धरना स्थल तिकोनिया पार्क, सुल्तानपुर
क्षेत्रीय संगठन का आरोप स्वामी विवेकानंद की मूर्ति पर जूते पहनकर चढ़ना, बाबा साहब अम्बेडकर का चित्र फाड़कर नाली में फेंकना
शिकायतकर्ता संगठन भारत विकास परिषद (FIR की मांग)
नीड 24 न्यूज इस खबर की पुष्टि नहीं करता है