📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Heba Aisha
स्थानीय
सारण के कार्यपालक सहायकों ने वेतन देरी के बावजूद 1,000 भोजन पैकेट बाँटे
✍️ Amar Ujala · Bihar
🗓 10 अक्टू. 2026, 06:16 PM
👁 14
सात महीने से वेतन न मिलने के बावजूद, सारण जिले के कार्यपालक सहायकों ने बाढ़ पीड़ित परिवारों को लगभग एक हजार भोजन पैकेट और आवश्यक सामग्री वितरित की।
सारण जिले के कार्यपालक सहायकों ने, जो सात महीने से वेतन की प्रतीक्षा कर रहे हैं, हालिया बाढ़ से प्रभावित परिवारों के लिए राहत कार्य का आयोजन किया। उन्होंने व्यक्तिगत संसाधन जुटाकर और स्थानीय स्वयंसेवकों के सहयोग से लगभग एक हजार भोजन पैकेट तथा पानी, कंबल और खाना पकाने का ईंधन जैसी आवश्यक वस्तुएँ तैयार कीं।
वितरण कार्य गंगा किनारे स्थित कई बाढ़‑पीड़ित गांवों में किया गया, जहाँ निवासियों ने कठिनाइयों के बावजूद इन स्वयंसेवकों का हार्दिक स्वागत किया। अधिकारियों ने बताया कि राहत किट में दाल, चावल, तेल और अन्य अनाज का दान शामिल था, जिससे तत्काल पोषण की जरूरतें पूरी हों।
स्थानीय नेताओं ने इस पहल की प्रशंसा की, यह कहा कि वेतन की कठिन स्थिति में भी कर्मचारियों ने सामाजिक जिम्मेदारी का उदाहरण पेश किया है। इसे ‘मानवता की मिसाल’ कहा गया, जिससे अन्य सरकारी कर्मचारियों को भी संकट के समय सामुदायिक समर्थन करने की प्रेरणा मिलेगी।
वितरण कार्य गंगा किनारे स्थित कई बाढ़‑पीड़ित गांवों में किया गया, जहाँ निवासियों ने कठिनाइयों के बावजूद इन स्वयंसेवकों का हार्दिक स्वागत किया। अधिकारियों ने बताया कि राहत किट में दाल, चावल, तेल और अन्य अनाज का दान शामिल था, जिससे तत्काल पोषण की जरूरतें पूरी हों।
स्थानीय नेताओं ने इस पहल की प्रशंसा की, यह कहा कि वेतन की कठिन स्थिति में भी कर्मचारियों ने सामाजिक जिम्मेदारी का उदाहरण पेश किया है। इसे ‘मानवता की मिसाल’ कहा गया, जिससे अन्य सरकारी कर्मचारियों को भी संकट के समय सामुदायिक समर्थन करने की प्रेरणा मिलेगी।