शिक्षा
सपोटरा में 'समर्थ कदम' अभियान संपन्न: दिव्यांग विद्यार्थियों को मिला विशेष प्रशिक्षण
सपोटरा ब्लॉक में दृष्टिबाधित एवं अल्पदृष्टिबाधित विद्यार्थियों के लिए आयोजित छह दिवसीय विशेष संबलन अभियान 'समर्थ कदम' का समापन हुआ, जिसमें सात बच्चों को ब्रेल लिपि, दैनिक जीवन कौशल और सुरक्षित आवागमन का प्रशिक्षण दिया गया।
ब्लॉक सपोटरा में दृष्टिबाधित एवं अल्पदृष्टिबाधित विशेष आवश्यकता वाले विद्यार्थियों के शैक्षिक और सर्वांगीण विकास के उद्देश्य से आयोजित छह दिवसीय विशेष संबलन अभियान ‘समर्थ कदम’ का 14 अक्टूबर को सफलतापूर्वक समापन हुआ। ब्लॉक संदर्भ केंद्र, सपोटरा में 8 से 14 अक्टूबर 2026 तक आयोजित इस अभियान में ब्लॉक के सात बालक-बालिकाओं को उनकी व्यक्तिगत आवश्यकताओं और क्षमताओं के अनुरूप विशेष प्रशिक्षण प्रदान किया गया, जिससे उनके आत्मविश्वास में वृद्धि होगी।
अभियान के दौरान विद्यार्थियों को ब्रेल लिपि का प्रारंभिक परिचय एवं अभ्यास, बड़े अक्षरों वाली पुस्तकों (Large Print Books) का उपयोग, आवर्धन (Magnification), कंट्रास्ट तकनीक, कार्यात्मक गणित तथा दैनिक जीवन कौशल का प्रशिक्षण दिया गया। इसके साथ ही विद्यार्थियों को सुरक्षित आवागमन और दिशा-निर्धारण (Orientation & Mobility) संबंधी गतिविधियों के माध्यम से आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित किया गया। कार्यक्रम के अंतर्गत विद्यार्थियों की शैक्षिक आवश्यकताओं का आकलन करने, केस हिस्ट्री तैयार करने और व्यक्तिगत शैक्षिक योजना (IEP) बनाने पर भी विशेष ध्यान दिया गया।
इस अभियान को सफल बनाने में मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी (CBEO) श्री लखन लाल मीना एवं प्रधानाचार्य श्री राजेश कुमार मीना का मार्गदर्शन और सहयोग महत्वपूर्ण रहा। उनके निर्देशन में विशेष आवश्यकता वाले विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शैक्षिक सहयोग एवं व्यावहारिक प्रशिक्षण उपलब्ध कराने की दिशा में यह पहल की गई। अभियान का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों में शैक्षिक दक्षताओं, दैनिक जीवन कौशल, आत्मविश्वास, सुरक्षित आवागमन और आत्मनिर्भरता का विकास करना रहा।
‘समर्थ कदम’ अभियान ने यह संदेश दिया कि उचित मार्गदर्शन, अनुकूल शिक्षण सामग्री और निरंतर अभ्यास से दृष्टिबाधित एवं अल्पदृष्टिबाधित विद्यार्थियों को अपनी क्षमताओं का विकास करने और आत्मनिर्भर बनने के बेहतर अवसर प्रदान किए जा सकते हैं। इस अवसर पर समावेशी शिक्षा को बढ़ावा देने तथा विशेष आवश्यकता वाले विद्यार्थियों को शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ने के महत्व पर जोर दिया गया।
अभियान के दौरान विद्यार्थियों को ब्रेल लिपि का प्रारंभिक परिचय एवं अभ्यास, बड़े अक्षरों वाली पुस्तकों (Large Print Books) का उपयोग, आवर्धन (Magnification), कंट्रास्ट तकनीक, कार्यात्मक गणित तथा दैनिक जीवन कौशल का प्रशिक्षण दिया गया। इसके साथ ही विद्यार्थियों को सुरक्षित आवागमन और दिशा-निर्धारण (Orientation & Mobility) संबंधी गतिविधियों के माध्यम से आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित किया गया। कार्यक्रम के अंतर्गत विद्यार्थियों की शैक्षिक आवश्यकताओं का आकलन करने, केस हिस्ट्री तैयार करने और व्यक्तिगत शैक्षिक योजना (IEP) बनाने पर भी विशेष ध्यान दिया गया।
इस अभियान को सफल बनाने में मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी (CBEO) श्री लखन लाल मीना एवं प्रधानाचार्य श्री राजेश कुमार मीना का मार्गदर्शन और सहयोग महत्वपूर्ण रहा। उनके निर्देशन में विशेष आवश्यकता वाले विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शैक्षिक सहयोग एवं व्यावहारिक प्रशिक्षण उपलब्ध कराने की दिशा में यह पहल की गई। अभियान का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों में शैक्षिक दक्षताओं, दैनिक जीवन कौशल, आत्मविश्वास, सुरक्षित आवागमन और आत्मनिर्भरता का विकास करना रहा।
‘समर्थ कदम’ अभियान ने यह संदेश दिया कि उचित मार्गदर्शन, अनुकूल शिक्षण सामग्री और निरंतर अभ्यास से दृष्टिबाधित एवं अल्पदृष्टिबाधित विद्यार्थियों को अपनी क्षमताओं का विकास करने और आत्मनिर्भर बनने के बेहतर अवसर प्रदान किए जा सकते हैं। इस अवसर पर समावेशी शिक्षा को बढ़ावा देने तथा विशेष आवश्यकता वाले विद्यार्थियों को शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ने के महत्व पर जोर दिया गया।