📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / William Morris Agency (management)/Photo by Mauric
मनोरंजन
रे ने ‘घूम घूम’ में वैश्विक संगीत का रंग घोला
✍️ The New Indian Express
🗓 26 सित. 2026, 12:17 PM
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संगीतकार रे ने नए गीत ‘घूम घूम’ में अंतरराष्ट्रीय ताल मिलाकर एक बहु‑सांस्कृतिक ध्वनि तैयार की।
संगीतकार रे ने हाल ही में “घूम घूम” नामक एक नया सिंगल जारी किया है। इस गाने में उन्होंने भारतीय संगीत के तत्वों को वैश्विक धुनों के साथ मिलाकर एक अनूठा मिश्रण तैयार किया है, जिसका उद्देश्य सीमाओं से परे श्रोताओं तक पहुंचना है।
इस रचना में पारंपरिक भारतीय तालों को समकालीन विश्व‑संगीत के स्वरूपों के साथ जोड़ा गया है, जिससे एक ऐसा संगीत वातावरण बनता है जो जड़ता और आधुनिकता दोनों को समेटे हुए है। विविध वाद्ययंत्रों और उत्पादन तकनीकों के प्रयोग से रे ने दो संस्कृतियों के बीच एक सहज संवाद स्थापित किया है।
द न्यू इंडियन एक्सप्रेस ने इस रिलीज़ को उजागर करते हुए बताया कि कलाकार का लक्ष्य स्थानीय और अंतरराष्ट्रीय श्रोताओं को जोड़ना है। इस गीत का लॉन्च भारतीय संगीतकारों में बढ़ते अंतरराष्ट्रीय सहयोग के प्रवृत्ति को दर्शाता है।
विशेषज्ञों का मानना है कि भारतीय कलाकारों का यह वैश्विक प्रभाव अपनाना, जबकि अपनी मूल पहचान को बनाए रखना, भारतीय संगीत को निर्यात योग्य बनाने के नए रास्ते खोल सकता है।
इस रचना में पारंपरिक भारतीय तालों को समकालीन विश्व‑संगीत के स्वरूपों के साथ जोड़ा गया है, जिससे एक ऐसा संगीत वातावरण बनता है जो जड़ता और आधुनिकता दोनों को समेटे हुए है। विविध वाद्ययंत्रों और उत्पादन तकनीकों के प्रयोग से रे ने दो संस्कृतियों के बीच एक सहज संवाद स्थापित किया है।
द न्यू इंडियन एक्सप्रेस ने इस रिलीज़ को उजागर करते हुए बताया कि कलाकार का लक्ष्य स्थानीय और अंतरराष्ट्रीय श्रोताओं को जोड़ना है। इस गीत का लॉन्च भारतीय संगीतकारों में बढ़ते अंतरराष्ट्रीय सहयोग के प्रवृत्ति को दर्शाता है।
विशेषज्ञों का मानना है कि भारतीय कलाकारों का यह वैश्विक प्रभाव अपनाना, जबकि अपनी मूल पहचान को बनाए रखना, भारतीय संगीत को निर्यात योग्य बनाने के नए रास्ते खोल सकता है।