📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / TrendSPLEND
नौकरी
राजस्थान हाईकोर्ट ने जोधपुर सिविल सेवा ट्रिब्यूनल में सदस्य की नियुक्ति के लिए 30 नवंबर तक का आदेश दिया
✍️ Amar Ujala · Jodhpur
🗓 06 नव. 2026, 09:04 AM
👁 16
राजस्थान हाईकोर्ट ने राज्य सरकार को 30 नवंबर तक जोधपुर स्थायी पीठ में सिविल सेवा अपीलेट अधिकरण के सदस्य की नियुक्ति करने का आदेश दिया, नहीं तो मुख्य सचिव को पद संभालना पड़ेगा।
राजस्थान हाईकोर्ट ने सोमवार को एक आदेश जारी किया, जिसमें राज्य सरकार को जोधपुर में स्थित राजस्थान सिविल सेवा अपीलेट अधिकरण (RCAT) की स्थायी पीठ में खाली पद को 30 नवंबर तक भरने का निर्देश दिया गया। यह आदेश सेवा‑संबंधी विवादों के निपटारे को लेकर दायर याचिका के संदर्भ में दिया गया था।
RCAT, जो राज्य के सिविल कर्मचारियों के सेवा‑संबंधी मामलों की सुनवाई करता है, वर्तमान में जोधपुर पीठ में एक सदस्य की कमी से जूझ रहा है। न्यायालय ने कहा कि इस कमी के कारण मामलों की समय पर सुनवाई प्रभावित हो रही है और अधिकरण की कार्यक्षमता घट रही है।
न्यायालय ने चेतावनी दी कि यदि सरकार निर्धारित समय सीमा के भीतर योग्य सदस्य की नियुक्ति नहीं करती, तो राजस्थान के मुख्य सचिव को अधिकरण के सदस्य के रूप में कार्य करना पड़ेगा। यह प्रावधान यह सुनिश्चित करने के लिए है कि अपीलेट अधिकरण कार्यरत रहे।
अब तक राज्य अधिकारियों ने इस समय सीमा पर कोई सार्वजनिक टिप्पणी नहीं की है, पर यह आदेश सरकार पर नियुक्ति प्रक्रिया को तेज करने और प्रशासनिक जटिलताओं से बचने का दबाव डालता है।
RCAT, जो राज्य के सिविल कर्मचारियों के सेवा‑संबंधी मामलों की सुनवाई करता है, वर्तमान में जोधपुर पीठ में एक सदस्य की कमी से जूझ रहा है। न्यायालय ने कहा कि इस कमी के कारण मामलों की समय पर सुनवाई प्रभावित हो रही है और अधिकरण की कार्यक्षमता घट रही है।
न्यायालय ने चेतावनी दी कि यदि सरकार निर्धारित समय सीमा के भीतर योग्य सदस्य की नियुक्ति नहीं करती, तो राजस्थान के मुख्य सचिव को अधिकरण के सदस्य के रूप में कार्य करना पड़ेगा। यह प्रावधान यह सुनिश्चित करने के लिए है कि अपीलेट अधिकरण कार्यरत रहे।
अब तक राज्य अधिकारियों ने इस समय सीमा पर कोई सार्वजनिक टिप्पणी नहीं की है, पर यह आदेश सरकार पर नियुक्ति प्रक्रिया को तेज करने और प्रशासनिक जटिलताओं से बचने का दबाव डालता है।