📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Ministry of Railways
टेक्नोलॉजी
रेलवे मंत्री ने बताया, दिल्ली‑पटना बुलेट ट्रेन की यात्रा 4.5 घंटे में होगी
✍️ News18
🗓 01 सित. 2026, 01:37 PM
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रेलवे मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा, दिल्ली‑पटना हाई‑स्पीड रेल लिंक से यात्रा समय लगभग चार साढ़े घंटे हो जाएगा, दिवाली‑छठ के मौसम से पहले।
रेलवे मंत्री अश्विनी वैष्णव ने दिल्ली‑पटना हाई‑स्पीड रेल कॉरिडोर की प्रगति पर मीडिया को बताया कि नई बुलेट ट्रेन सेवा लगभग चार साढ़े घंटे में 500 किलोमीटर की दूरी तय करेगी। यह घोषणा देश के दिवाली‑छठ उत्सवों से पहले की गई, जिससे अंतर‑शहरी कनेक्टिविटी को सुदृढ़ करने के सरकारी इरादे स्पष्ट होते हैं।
मंत्री ने बताया कि यह परियोजना राष्ट्रीय हाई‑स्पीड रेल नेटवर्क का हिस्सा है और 2027 के अंत तक व्यावसायिक संचालन के लिए तैयार होनी चाहिए। समर्पित ट्रैक, सिग्नलिंग सिस्टम और प्रमुख स्टेशनों का निर्माण चल रहा है, और अगले 18 महीनों में अंतिम मार्ग तय हो जाएगा।
यदि योजना सफल रहती है, तो वर्तमान 12 घंटे की यात्रा को आधे से अधिक कम किया जा सकेगा, जिससे राजधानी और बिहार के प्रमुख शहर के बीच व्यवसायियों, पर्यटकों और तीर्थयात्रियों को तेज़ विकल्प मिलेगा। अधिकारियों का मानना है कि यह कॉरिडोर क्षेत्रीय व्यापार, पर्यटन और रोजगार में वृद्धि करेगा, क्योंकि यह मौजूदा रेल और सड़क नेटवर्क से जुड़ जाएगा।
मंत्रालय ने यह भी कहा कि बुलेट ट्रेन में अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप आधुनिक सुविधाएँ होंगी, जैसे वाई‑फाई, एर्गोनोमिक सीटें और उन्नत सुरक्षा तकनीक। इस परियोजना की प्रगति को सभी हितधारक बारीकी से देख रहे हैं, क्योंकि यह भारत में भविष्य के हाई‑स्पीड कॉरिडोरों के लिए मानक स्थापित कर सकती है।
मंत्री ने बताया कि यह परियोजना राष्ट्रीय हाई‑स्पीड रेल नेटवर्क का हिस्सा है और 2027 के अंत तक व्यावसायिक संचालन के लिए तैयार होनी चाहिए। समर्पित ट्रैक, सिग्नलिंग सिस्टम और प्रमुख स्टेशनों का निर्माण चल रहा है, और अगले 18 महीनों में अंतिम मार्ग तय हो जाएगा।
यदि योजना सफल रहती है, तो वर्तमान 12 घंटे की यात्रा को आधे से अधिक कम किया जा सकेगा, जिससे राजधानी और बिहार के प्रमुख शहर के बीच व्यवसायियों, पर्यटकों और तीर्थयात्रियों को तेज़ विकल्प मिलेगा। अधिकारियों का मानना है कि यह कॉरिडोर क्षेत्रीय व्यापार, पर्यटन और रोजगार में वृद्धि करेगा, क्योंकि यह मौजूदा रेल और सड़क नेटवर्क से जुड़ जाएगा।
मंत्रालय ने यह भी कहा कि बुलेट ट्रेन में अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप आधुनिक सुविधाएँ होंगी, जैसे वाई‑फाई, एर्गोनोमिक सीटें और उन्नत सुरक्षा तकनीक। इस परियोजना की प्रगति को सभी हितधारक बारीकी से देख रहे हैं, क्योंकि यह भारत में भविष्य के हाई‑स्पीड कॉरिडोरों के लिए मानक स्थापित कर सकती है।