Health
पक्षिम चम्पारण में गोलगप्पा खाने से 100लोग बीमार
पक्षिम चम्पारण जिला के रामनगर थाना के भावला गांव गांव में गोलगप्पा खाने से 100लोग हुए बीमार
पक्षिम चम्पारण से अवनीश कुमार कि रिपोर्ट
पश्चिम चम्पारण में गोलगप्पा खाने के बाद करीब 100 लोग बीमार होने से हड़कंप मच गया है। मामला रामनगर थाना क्षेत्र के भावल गांव का है।
बताया जा रहा है कि गांव में गोलगप्पा और पानी-पूड़ी खाने के बाद अचानक बच्चों की तबीयत बिगड़ने लगी। देखते ही देखते बड़ी संख्या में लोग बीमार पड़ गए। बीमार लोगो को आनन-फानन में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रामनगर पहुंचाया गया, जहां उनका इलाज शुरू किया गया।
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रामनगर के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. मिथिलेश कुमार ने बताया कि प्रथम दृष्टया फूड प्वाइजनिंग के कारण लोगों के बीमार होने की बात सामने आ रही है।
वहीं भावल पंचायत के पूर्व मुखिया कृष्णनंदन सिंह का कहना है कि गोलगप्पा खाने के बाद लोगों की तबीयत बिगड़ी है। कई बीमार लोगों को बेहतर इलाज के लिए जिला अस्पताल भेजा गया है, जबकि कुछ मरीजों का निजी अस्पतालों में इलाज चल रहा है।
फिलहाल एक साथ करीब 100 लोगो के बीमार होने से गांव में अफरा-तफरी का माहौल है। स्वास्थ्य विभाग की टीम पूरे मामले पर नजर बनाए हुए है और यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि आखिर गोलगप्पा खाने के बाद इतनी बड़ी संख्या में लोग बीमार कैसे हुए।
पश्चिम चम्पारण में गोलगप्पा खाने के बाद करीब 100 लोग बीमार होने से हड़कंप मच गया है। मामला रामनगर थाना क्षेत्र के भावल गांव का है।
बताया जा रहा है कि गांव में गोलगप्पा और पानी-पूड़ी खाने के बाद अचानक बच्चों की तबीयत बिगड़ने लगी। देखते ही देखते बड़ी संख्या में लोग बीमार पड़ गए। बीमार लोगो को आनन-फानन में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रामनगर पहुंचाया गया, जहां उनका इलाज शुरू किया गया।
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रामनगर के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. मिथिलेश कुमार ने बताया कि प्रथम दृष्टया फूड प्वाइजनिंग के कारण लोगों के बीमार होने की बात सामने आ रही है।
वहीं भावल पंचायत के पूर्व मुखिया कृष्णनंदन सिंह का कहना है कि गोलगप्पा खाने के बाद लोगों की तबीयत बिगड़ी है। कई बीमार लोगों को बेहतर इलाज के लिए जिला अस्पताल भेजा गया है, जबकि कुछ मरीजों का निजी अस्पतालों में इलाज चल रहा है।
फिलहाल एक साथ करीब 100 लोगो के बीमार होने से गांव में अफरा-तफरी का माहौल है। स्वास्थ्य विभाग की टीम पूरे मामले पर नजर बनाए हुए है और यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि आखिर गोलगप्पा खाने के बाद इतनी बड़ी संख्या में लोग बीमार कैसे हुए।