📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Prime Minister's Office
नौकरी
NITI Aayog की रिपोर्ट में बढ़ती नौकरी की कमी पर प्रकाश
✍️ Kanak News Odisha
🗓 23 अग. 2026, 06:40 PM
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NITI Aayog की नई रिपोर्ट बताती है कि रोजगार के अवसर बढ़ती कार्य‑योग्य जनसंख्या के साथ तालमेल नहीं बिठा पा रहे हैं, जिससे नीति निर्माताओं को चिंता है।
सरकारी थिंक‑टैंक NITI Aayog ने इस सप्ताह भारत के श्रम बाजार की प्रवृत्तियों का विस्तृत विश्लेषण प्रस्तुत किया। रिपोर्ट में नौकरियों के सृजन और कार्य‑योग्य जनसंख्या, विशेषकर नए स्नातकों, के बीच बढ़ता अंतर उजागर किया गया है।
रिपोर्ट के अनुसार, परम्परागत रूप से बड़े पैमाने पर रोजगार देने वाले विनिर्माण और सेवा क्षेत्रों में विस्तार पर्याप्त नहीं हो रहा है, जिससे युवा वर्ग में बेरोजगारी का जोखिम बढ़ रहा है।
इस समस्या के समाधान हेतु कौशल विकास कार्यक्रमों को लक्षित करने, श्रम‑गहन उद्योगों के लिए प्रोत्साहन बढ़ाने और मौजूदा रोजगार योजनाओं की प्रभावशीलता की पुनः समीक्षा करने की सिफारिश की गई है।
NITI Aayog के अधिकारियों ने कहा है कि समय पर कदम उठाना आर्थिक स्थिरता और सामाजिक सामंजस्य बनाए रखने के लिए अत्यावश्यक है।
रिपोर्ट के अनुसार, परम्परागत रूप से बड़े पैमाने पर रोजगार देने वाले विनिर्माण और सेवा क्षेत्रों में विस्तार पर्याप्त नहीं हो रहा है, जिससे युवा वर्ग में बेरोजगारी का जोखिम बढ़ रहा है।
इस समस्या के समाधान हेतु कौशल विकास कार्यक्रमों को लक्षित करने, श्रम‑गहन उद्योगों के लिए प्रोत्साहन बढ़ाने और मौजूदा रोजगार योजनाओं की प्रभावशीलता की पुनः समीक्षा करने की सिफारिश की गई है।
NITI Aayog के अधिकारियों ने कहा है कि समय पर कदम उठाना आर्थिक स्थिरता और सामाजिक सामंजस्य बनाए रखने के लिए अत्यावश्यक है।