📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Indrajit Das
शिक्षा
मध्य प्रदेश में 9 नए आयुर्वेदिक कॉलेज, 184 करोड़ की निवेश से खुलेंगे
✍️ Amar Ujala · Madhya Pradesh
🗓 23 सित. 2026, 06:16 PM
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राष्ट्रीय आयुर्वेद दिवस पर मध्य प्रदेश ने 184 करोड़ रुपये से अधिक की परियोजनाओं के तहत 9 नए आयुर्वेदिक कॉलेजों की घोषणा की, डिंडौरी में पहला कॉलेज उद्घाटित और भोपाल में सार्वजनिक हर्बल गार्डन खोला गया।
मध्य प्रदेश सरकार ने राष्ट्रीय आयुर्वेद दिवस पर आयुर्वेद शिक्षा के विस्तार की घोषणा की। 184 करोड़ रुपये से अधिक की राशि 25 परियोजनाओं में आवंटित की गई है, जिनमें राज्य भर में नौ नए आयुर्वेदिक कॉलेजों का निर्माण शामिल है। इन कॉलेजों में पहला, डिंडौरी का आयुर्वेद महाविद्यालय, आज औपचारिक रूप से उद्घाटित हुआ, जिससे पारम्परिक चिकित्सा में पेशेवर प्रशिक्षण का स्तर बढ़ेगा।
इस वित्तीय पैकेज में भोपाल में एक सार्वजनिक हर्बल गार्डन का विकास भी शामिल है, जिसे आम जनता के लिए खुला किया गया है। यह बगीचा औषधीय पौधों का जीवित संग्रह होगा और नई कॉलेजों के साथ अनुसंधान सहयोग को प्रोत्साहित करेगा।
राज्य के अधिकारियों ने बताया कि नए कॉलेज आगामी शैक्षणिक सत्र से छात्रों को आयुर्वेद में स्नातक और स्नातकोत्तर पाठ्यक्रम प्रदान करेंगे। यह पहल स्वास्थ्य बुनियादी ढांचे को सुदृढ़ करने और स्वदेशी ज्ञान प्रणालियों को संरक्षित करने की व्यापक रणनीति का हिस्सा है।
स्थानीय नेताओं ने इस कदम की शिक्षा और सार्वजनिक स्वास्थ्य दोनों के लिए सराहना की, यह कहते हुए कि बढ़ी हुई क्षमता देशभर में योग्य आयुर्वेदिक चिकित्सकों की बढ़ती मांग को पूरा करने में मदद करेगी।
इस वित्तीय पैकेज में भोपाल में एक सार्वजनिक हर्बल गार्डन का विकास भी शामिल है, जिसे आम जनता के लिए खुला किया गया है। यह बगीचा औषधीय पौधों का जीवित संग्रह होगा और नई कॉलेजों के साथ अनुसंधान सहयोग को प्रोत्साहित करेगा।
राज्य के अधिकारियों ने बताया कि नए कॉलेज आगामी शैक्षणिक सत्र से छात्रों को आयुर्वेद में स्नातक और स्नातकोत्तर पाठ्यक्रम प्रदान करेंगे। यह पहल स्वास्थ्य बुनियादी ढांचे को सुदृढ़ करने और स्वदेशी ज्ञान प्रणालियों को संरक्षित करने की व्यापक रणनीति का हिस्सा है।
स्थानीय नेताओं ने इस कदम की शिक्षा और सार्वजनिक स्वास्थ्य दोनों के लिए सराहना की, यह कहते हुए कि बढ़ी हुई क्षमता देशभर में योग्य आयुर्वेदिक चिकित्सकों की बढ़ती मांग को पूरा करने में मदद करेगी।