📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Włodzimierz Wysocki
विज्ञान
तवांग में नई लेपर्ड्स बैन प्रजाति की खोज, उत्तर-पूर्व भारत में पहली
✍️ Research Matters
🗓 24 अग. 2026, 01:19 PM
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वैज्ञानिकों ने तवांग में लेपर्ड्स बैन की नई प्रजाति दर्ज की, जो उत्तर‑पूर्व भारत में पहली बार मिली है।
तवांग के ऊँचे क्षेत्रों में किए गए सर्वेक्षण के दौरान वैज्ञानिकों ने लेपर्ड्स बैन समूह का एक ऐसा पौधा पाया जो किसी ज्ञात प्रजाति से मेल नहीं खाता। संग्रहित नमूने की विस्तृत जाँच के बाद इसे नई प्रजाति के रूप में मान्यता दी गई।
लेपर्ड्स बैन एक विषैला जड़ी‑बूटी समूह है, जो सामान्यतः ठंडे जलवायु में पाया जाता है, परन्तु यह उत्तर‑पूर्व भारत में पहली बार दर्ज की गई अलग प्रजाति है। इस खोज से अरुणाचल प्रदेश की जैव विविधता की महत्ता स्पष्ट होती है।
यह समाचार विज्ञान पोर्टल ‘Research Matters’ ने प्रकाशित किया है, जिसमें बताया गया है कि इस नई प्रजाति का अध्ययन पौधों की ऊँचाई‑अनुकूलन और संभावित रासायनिक गुणों के बारे में नई जानकारी दे सकता है।
लेपर्ड्स बैन एक विषैला जड़ी‑बूटी समूह है, जो सामान्यतः ठंडे जलवायु में पाया जाता है, परन्तु यह उत्तर‑पूर्व भारत में पहली बार दर्ज की गई अलग प्रजाति है। इस खोज से अरुणाचल प्रदेश की जैव विविधता की महत्ता स्पष्ट होती है।
यह समाचार विज्ञान पोर्टल ‘Research Matters’ ने प्रकाशित किया है, जिसमें बताया गया है कि इस नई प्रजाति का अध्ययन पौधों की ऊँचाई‑अनुकूलन और संभावित रासायनिक गुणों के बारे में नई जानकारी दे सकता है।