📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Ndt1
अपराध
मुजफ्फरपुर पुलिस ने फर्जी आधार‑पासपोर्ट जाल में दो को गिरफ्तार, UIDAI उपकरण बरामद
✍️ Amar Ujala · Muzaffarpur
🗓 02 अक्टू. 2026, 12:01 PM
👁 11
मुजफ्फरपुर नगर थाना पुलिस ने दो आरोपियों को फर्जी आधार कार्ड बनाकर बांग्लादेशी नागरिक का पासपोर्ट तैयार कराने के मामले में गिरफ्तार किया, साथ ही साइबर कैफ़े से UIDAI मशीन और बायोमेट्रिक स्कैनर बरामद किए।
मुजफ्फरपुर नगर थाना पुलिस ने एक सूचना के आधार पर दो संदिग्धों को फर्जी आधार कार्ड बनाने के आरोप में हिरासत में लिया। यह कार्रवाई शहर के एक साइबर कैफ़े में की गई, जहाँ से UIDAI की मशीन और फिंगर‑आइ स्कैनर बरामद किए गए।
जांच में पता चला कि इन नकली आधार कार्डों का उपयोग बांग्लादेशी नागरिक के पासपोर्ट के लिए गलत दस्तावेज तैयार करने में किया गया था, जिससे सामान्य सत्यापन प्रक्रिया को बायपास किया गया। पुलिस ने बताया कि पासपोर्ट कार्यालय को प्रस्तुत किए गए सभी दस्तावेज़ पूरी तरह से बनावटी थे, जिससे सीमा‑पार पहचान धोखाधड़ी का खतरा बढ़ता है।
अधिकारीयों ने कहा कि बरामद किया गया उपकरण बायोमेट्रिक डेटा को दोहराने के लिए इस्तेमाल किया जा सकता था, जो UIDAI की सुरक्षा प्रोटोकॉल का गंभीर उल्लंघन है। इस मामले को आगे की जांच के लिए उच्च स्तर की एजेंसियों को भेजा गया है।
पुलिस ने जनता से साइबर कैफ़े में किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना देने का आग्रह किया और क्षेत्र में पहचान‑चोरी के नेटवर्क को रोकने के लिए अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।
जांच में पता चला कि इन नकली आधार कार्डों का उपयोग बांग्लादेशी नागरिक के पासपोर्ट के लिए गलत दस्तावेज तैयार करने में किया गया था, जिससे सामान्य सत्यापन प्रक्रिया को बायपास किया गया। पुलिस ने बताया कि पासपोर्ट कार्यालय को प्रस्तुत किए गए सभी दस्तावेज़ पूरी तरह से बनावटी थे, जिससे सीमा‑पार पहचान धोखाधड़ी का खतरा बढ़ता है।
अधिकारीयों ने कहा कि बरामद किया गया उपकरण बायोमेट्रिक डेटा को दोहराने के लिए इस्तेमाल किया जा सकता था, जो UIDAI की सुरक्षा प्रोटोकॉल का गंभीर उल्लंघन है। इस मामले को आगे की जांच के लिए उच्च स्तर की एजेंसियों को भेजा गया है।
पुलिस ने जनता से साइबर कैफ़े में किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना देने का आग्रह किया और क्षेत्र में पहचान‑चोरी के नेटवर्क को रोकने के लिए अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।