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30 जुल. 2026
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भारत में मेटा का बढ़ता प्रभाव नियामक जांच को बढ़ा रहा है
📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Foreign and Commonwealth Office
टेक्नोलॉजी

भारत में मेटा का बढ़ता प्रभाव नियामक जांच को बढ़ा रहा है

✍️ cnbc.com 🗓 30 जुल. 2026, 11:39 AM 👁 6

भारत में मेटा की बढ़ती उपस्थिति ने नियामकों का ध्यान आकर्षित किया है, जिससे डेटा गोपनीयता और बाज़ार प्रभुत्व पर चिंताएँ बढ़ रही हैं।

मेटा भारत में सबसे अधिक उपयोग की जाने वाली सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्मों में से एक बन गया है, जहाँ उपयोगकर्ता आधार अब 400 मिलियन से अधिक है। कंपनी का विज्ञापन राजस्व भी तेज़ी से बढ़ा है, जिससे भारत उसके वैश्विक व्यापार मॉडल के लिए एक प्रमुख बाजार बन गया है।

हाल के हफ्तों में, भारत सरकार के सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय ने मेटा की डेटा प्रबंधन प्रथाओं और स्थानीय प्रतिस्पर्धा पर उसके प्रभाव की समीक्षा करने का संकेत दिया है। यह जांच उपयोगकर्ता गोपनीयता और डिजिटल विज्ञापन शक्ति के केंद्रीकरण के बारे में बढ़ती चिंताओं के बीच है।

उद्योग विश्लेषक चेतावनी देते हैं कि मेटा का प्रभुत्व छोटे स्थानीय प्लेटफ़ॉर्मों की वृद्धि को बाधित कर सकता है, जिससे नवाचार सीमित हो सकता है। वे तर्क देते हैं कि उपभोक्ताओं और उभरते व्यवसायों दोनों की रक्षा के लिए एक अधिक समान खेल का मैदान आवश्यक है।

मेटा ने अपनी प्रतिबद्धता दोहराई है कि वह भारतीय कानूनों का पालन करेगा और नियामकों के साथ मिलकर काम करेगा। कंपनी कहती है कि वह भारतीय उपयोगकर्ताओं की बेहतर सेवा के लिए स्थानीय अवसंरचना और डेटा केंद्रों में निवेश कर रही है, साथ ही गोपनीयता मानकों को बनाए रख रही है।
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