🔥 TRENDING અમદાવાદ: GUJCTOC કેસમાં ફરાર આરોપી LCB... Tribune Logs User Search for 'uapaa' Josh Allen's Availability for Bills vs... The Tribune Logs Search for 'Facultyme... New Song 'Gunaah' Released: 'Dil Ne Ka... India, WFP Address Global Humanitarian...
27 Sep 2026•
ગુજરાતી मराठी ਪੰਜਾਬੀ বাংলা

मदरकल गांव के अंबामठ में पूर्णिमा के अवसर पर भव्य विशेष अनुभव कार्यक्रम

✍️ Reporter: Khajahussain baba Jalahalli 🗓 27 Sep 2026, 08:12 PM 👁 9
Share: 💬 WhatsApp 📘 Facebook 𝕏 Post
📰 अरकेरा | ब्रेकिंग न्यूज़

मदरकल गांव के अंबामठ में पूर्णिमा के अवसर पर भव्य विशेष अनुभव कार्यक्रम

अहंकार और द्वेष त्यागकर मानवता की ओर बढ़ें: राजयोगी शिवनाथ महाराज

अरकेरा, 26 सितंबर: रायचूर जिले के अरकेरा तालुक के मदरकल गांव स्थित अंबामठ में शनिवार को पूर्णिमा के अवसर पर विशेष अनुभव कार्यक्रम का भव्य आयोजन किया गया।

कार्यक्रम में दिव्य सान्निध्य प्रदान करते हुए पंजाब राज्य के जालंधर स्थित वाल्मीकि आश्रम के पीठाधिपति राजयोगी शिवनाथ महाराज ने प्रवचन देते हुए कहा कि, “सत्संग का अर्थ केवल एक साथ बैठना नहीं है, बल्कि सत्य का संग करना है। जब सत्य का ज्ञान होता है, तभी अनुभव के परमार्थ का वास्तविक अर्थ समझ में आता है।”

उन्होंने कहा कि तपस्या, अनुष्ठान और सिद्धि प्राप्ति ही जीवन का मूल उद्देश्य नहीं है। सभी जीवों में समानता देखना तथा प्रत्येक व्यक्ति को मानवता की दृष्टि से देखना ही सच्चा योग है। मनुष्य-मनुष्य के बीच भेदभाव किए बिना प्रेम, भाईचारे और समानता के साथ जीवन जीने पर ही वास्तविक आध्यात्मिक सिद्धि की ओर बढ़ा जा सकता है।

शिवनाथ महाराज ने कहा कि अहंकार, द्वेष, ईर्ष्या और भेदभाव को त्यागकर आपसी प्रेम एवं सह-अस्तित्व के साथ जीवन जीना चाहिए। समाज में शांति और मानवीय मूल्यों को बढ़ावा देने में सत्संग कार्यक्रम महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

सन्मार्ग पर चलना चाहिए: नामदेवगौड़ शरण

अंबामठ के पीठाधिपति संत नामदेवगौड़ शरण ने कहा कि संतों के अमूल्य वचनों को अपने जीवन में अपनाकर प्रत्येक व्यक्ति को सन्मार्ग पर चलना चाहिए। ऐसे सत्संग कार्यक्रम श्रद्धालुओं में आध्यात्मिक जागरूकता पैदा करने में सहायक होते हैं।

कार्यक्रम की अध्यक्षता सेवानिवृत्त तहसीलदार वेंकनगौड़ पाटील ने की। नागनटी सिद्धरामेश्वर स्वामीजी सहित कई गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।

कार्यक्रम में वरिष्ठ अधिवक्ता वी.एम. मेटी, सेवानिवृत्त डीडीपीआई इंदिरा, सेवानिवृत्त पीएसआई वेंकन्ना, वीरय्यास्वामी, सोमप्पा नायक, लिंगराज पाटील, अमरेश पो.पा., बसव रामुलु, अय्यनगौड़, शिवप्पा पलकलनमरडी, चन्नबसव म्याकलदोड्डी, हनुमन्ना बडिगेप्पा, साबुगौड़ पो. पाटील, सिद्धनगौड़ माली पाटील, देवनगौड़ माली पाटील, मानय्या, अलीसाब, बसवराज मात्पल्ली, बसवराज चिक्कल, मुद्दुकप्पा शरण, साबन्ना शरण, साहुकार रंगन्ना, चिन्नप्पा हरिजन, रंगप्पा हरिजन, निंगप्पा बागूर सहित मठ के श्रद्धालु, गांव के बुजुर्ग, महिला भक्त मंडली तथा आसपास के गांवों से आए सैकड़ों श्रद्धालु शामिल हुए।

रिपोर्ट: खाजा हुसैन बाबा, जालहल्लि
📲Get App