Crime
मासलपुर में बाल विवाह रोकथाम व साइबर सुरक्षा जागरूकता शिविर आयोजित
राजकीय बालिका उच्च माध्यमिक विद्यालय, मासलपुर में एक दिवसीय शिविर में छात्राओं को बाल विवाह के कानूनी प्रावधान और साइबर अपराधों से बचाव के उपायों की विस्तृत जानकारी दी गई।
करौली/मासलपुर के राजकीय बालिका उच्च माध्यमिक विद्यालय में एक्शन एड एसोसिएशन, जिला प्रशासन, बाल अधिकारिता विभाग और डीएमजी इवेंट्स के संयुक्त तत्वावधान में बाल विवाह रोकथाम एवं उन्मूलन कार्यक्रम के तहत एक दिवसीय जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में छात्राओं को बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम, 2006 के विभिन्न कानूनी प्रावधानों की विस्तार से जानकारी दी गई और सामाजिक कुरीति के खिलाफ मुखर विरोध करने के लिए प्रेरित किया गया।
शिविर में एक्शन एड एसोसिएशन के टीम लीडर विजेंद्र बैरवा ने बताया कि यदि किसी गाँव या आसपास में बाल विवाह की सूचना मिले तो तुरंत चाइल्ड हेल्पलाइन नंबर 1098 पर रिपोर्ट करें। उन्होंने गांव स्तर पर सतर्कता समितियों के गठन और उनकी भूमिका पर भी प्रकाश डाला।
साइबर सुरक्षा के संदर्भ में छात्रों को डिजिटल युग में सावधानी के महत्व पर बल दिया गया। उन्हें मोबाइल पासवर्ड और पिन को मजबूत रखने, OTP साझा न करने, संदिग्ध कॉल और अनजान लिंक से बचने की सलाह दी गई। साइबर धोखाधड़ी या फ़्रॉड की स्थिति में तुरंत साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज करने का निर्देश भी दिया गया।
शिविर में विद्यालय के स्टाफ और बड़ी संख्या में छात्राएँ उपस्थित रहीं। कार्यक्रम के बाद छात्राओं ने प्राप्त जानकारी को अपने परिवार और गांव के लोगों तक पहुँचाने तथा बाल विवाह मुक्त समाज निर्माण में सहयोग देने का संकल्प लिया।
शिविर में एक्शन एड एसोसिएशन के टीम लीडर विजेंद्र बैरवा ने बताया कि यदि किसी गाँव या आसपास में बाल विवाह की सूचना मिले तो तुरंत चाइल्ड हेल्पलाइन नंबर 1098 पर रिपोर्ट करें। उन्होंने गांव स्तर पर सतर्कता समितियों के गठन और उनकी भूमिका पर भी प्रकाश डाला।
साइबर सुरक्षा के संदर्भ में छात्रों को डिजिटल युग में सावधानी के महत्व पर बल दिया गया। उन्हें मोबाइल पासवर्ड और पिन को मजबूत रखने, OTP साझा न करने, संदिग्ध कॉल और अनजान लिंक से बचने की सलाह दी गई। साइबर धोखाधड़ी या फ़्रॉड की स्थिति में तुरंत साइबर हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज करने का निर्देश भी दिया गया।
शिविर में विद्यालय के स्टाफ और बड़ी संख्या में छात्राएँ उपस्थित रहीं। कार्यक्रम के बाद छात्राओं ने प्राप्त जानकारी को अपने परिवार और गांव के लोगों तक पहुँचाने तथा बाल विवाह मुक्त समाज निर्माण में सहयोग देने का संकल्प लिया।