📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Gyanendrasinghchauha…
नौकरी
मध्य प्रदेश हाई कोर्ट ने सेवानिवृत्त सेंट्रल बैंक शाखा प्रबंधक की पेंशन बहाल की
✍️ The Indian Express
🗓 25 अग. 2026, 09:03 PM
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मध्य प्रदेश हाई कोर्ट ने एक सेंट्रल बैंक के सेवानिवृत्त शाखा प्रबंधक की पेंशन को फिर से मंजूरी दे दी है, जो पहले रोक दी गई थी।
मध्य प्रदेश हाई कोर्ट ने एक सेंट्रल बैंक के सेवानिवृत्त शाखा प्रबंधक की पेंशन को पुनः स्थापित करने का आदेश दिया है, जो पहले रोक दी गई थी। कोर्ट ने कहा कि पेंशन रोकने का निर्णय कानूनी आधार से रहित था और बैंक को नियमित पेंशन भुगतान जारी रखने का निर्देश दिया।
बेंच ने यह रेखांकित किया कि सरकारी और सार्वजनिक क्षेत्र के कर्मचारियों के सेवानिवृत्ति लाभ मौजूदा सेवा नियमों के तहत संरक्षित हैं और किसी भी रोक को स्पष्ट वैधानिक कारणों से सिद्ध करना आवश्यक है। बैंक को आदेश का तुरंत पालन करने और पेंशन को रोकने की तिथि से पुनः भुगतान करने का निर्देश दिया गया।
पेंशनधारी के कानूनी प्रतिनिधि ने इस फैसले का स्वागत किया, यह कहते हुए कि यह न्यायपालिका की कर्मचारी अधिकारों की रक्षा करने की भूमिका को सुदृढ़ करता है। बैंक को एक निर्धारित अवधि के भीतर अनुपालन रिपोर्ट दाखिल करने का भी कहा गया है।
यह निर्णय राज्य में समान पेंशन विवादों के लिए एक मिसाल स्थापित करने की संभावना रखता है, जिससे सेवानिवृत्ति लाभों को मनमाने ढंग से हटाया नहीं जा सकेगा।
बेंच ने यह रेखांकित किया कि सरकारी और सार्वजनिक क्षेत्र के कर्मचारियों के सेवानिवृत्ति लाभ मौजूदा सेवा नियमों के तहत संरक्षित हैं और किसी भी रोक को स्पष्ट वैधानिक कारणों से सिद्ध करना आवश्यक है। बैंक को आदेश का तुरंत पालन करने और पेंशन को रोकने की तिथि से पुनः भुगतान करने का निर्देश दिया गया।
पेंशनधारी के कानूनी प्रतिनिधि ने इस फैसले का स्वागत किया, यह कहते हुए कि यह न्यायपालिका की कर्मचारी अधिकारों की रक्षा करने की भूमिका को सुदृढ़ करता है। बैंक को एक निर्धारित अवधि के भीतर अनुपालन रिपोर्ट दाखिल करने का भी कहा गया है।
यह निर्णय राज्य में समान पेंशन विवादों के लिए एक मिसाल स्थापित करने की संभावना रखता है, जिससे सेवानिवृत्ति लाभों को मनमाने ढंग से हटाया नहीं जा सकेगा।