📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Biju Karakkonam
शिक्षा
कर्नाटक में सर्वेक्षण कार्य के कारण शिक्षकों को कक्षा से दूर रखा गया
✍️ Deccan Herald
🗓 24 अक्टू. 2026, 06:31 AM
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राज्य शिक्षा विभाग ने चल रहे जनगणना के कारण शिक्षकों को कक्षा में नहीं भेजने का निर्देश दिया, जिससे कर्नाटक के स्कूलों में समय‑सारिणी प्रभावित हुई।
कर्नाटक शिक्षा विभाग ने बताया कि जनगणना के दौरान बड़ी संख्या में स्कूल शिक्षकों को सर्वेक्षण कार्य में लगाया जाएगा, जिससे वे कक्षाओं में उपस्थित नहीं रहेंगे। यह निर्णय राज्य आंतरिक समीक्षा (SIR) बैठक के बाद दिया गया है, जिसका उद्देश्य राष्ट्रीय जनसंख्या गिनती के लिए पर्याप्त कर्मी उपलब्ध कराना है।
अधिकारियों ने कहा कि यह व्यवस्था अस्थायी है और जनगणना समाप्त होते ही शिक्षक अपनी नियमित पढ़ाई फिर से शुरू करेंगे। स्कूलों को समय‑सारिणी में बदलाव करने और जहाँ संभव हो, वैकल्पिक स्टाफ़ की व्यवस्था करने का निर्देश दिया गया है, ताकि छात्रों पर प्रभाव कम से कम हो।
अभिभावकों को स्थानीय मीडिया और परिपत्रों के माध्यम से बताया गया कि यह बदलाव सटीक डेटा संग्रह के लिये आवश्यक है, जो भविष्य की नीतियों और संसाधन आवंटन को प्रभावित करेगा। शिक्षा विभाग ने आश्वासन दिया कि शैक्षणिक प्रगति की निगरानी की जाएगी और यदि सीखने में कोई अंतर आता है तो सुधारात्मक कदम उठाए जाएंगे।
जनगणना कई हफ्तों तक चलने वाली है, और स्थानीय समुदायों को जानने वाले शिक्षक इस कार्य के लिए उपयुक्त माने जा रहे हैं। विभाग जनगणना अधिकारियों के साथ समन्वय कर रहा है, ताकि शैक्षिक आवश्यकताओं और राष्ट्रीय डेटा संग्रह दोनों को संतुलित किया जा सके।
अधिकारियों ने कहा कि यह व्यवस्था अस्थायी है और जनगणना समाप्त होते ही शिक्षक अपनी नियमित पढ़ाई फिर से शुरू करेंगे। स्कूलों को समय‑सारिणी में बदलाव करने और जहाँ संभव हो, वैकल्पिक स्टाफ़ की व्यवस्था करने का निर्देश दिया गया है, ताकि छात्रों पर प्रभाव कम से कम हो।
अभिभावकों को स्थानीय मीडिया और परिपत्रों के माध्यम से बताया गया कि यह बदलाव सटीक डेटा संग्रह के लिये आवश्यक है, जो भविष्य की नीतियों और संसाधन आवंटन को प्रभावित करेगा। शिक्षा विभाग ने आश्वासन दिया कि शैक्षणिक प्रगति की निगरानी की जाएगी और यदि सीखने में कोई अंतर आता है तो सुधारात्मक कदम उठाए जाएंगे।
जनगणना कई हफ्तों तक चलने वाली है, और स्थानीय समुदायों को जानने वाले शिक्षक इस कार्य के लिए उपयुक्त माने जा रहे हैं। विभाग जनगणना अधिकारियों के साथ समन्वय कर रहा है, ताकि शैक्षिक आवश्यकताओं और राष्ट्रीय डेटा संग्रह दोनों को संतुलित किया जा सके।