📷 चित्र स्रोत: TOI India (via NewsData)
विदेश
भारत ने सिंधु जल संधि मध्यस्थता पुरस्कार को अवैध घोषित किया
✍️ TOI India
🗓 01 सित. 2026, 06:51 AM
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भारत ने सिंधु जल संधि पर मध्यस्थता के फैसले को खारिज करते हुए कहा कि ट्रिब्यूनल की संप्रभु जल मामलों पर कोई अधिकार नहीं है। सरकार ने कहा कि संधि के प्रवर्तन पर उसकी रोक जारी रहेगी।
भारत सरकार ने सिंधु जल संधि से संबंधित मध्यस्थता पुरस्कार को अवैध बताते हुए कहा कि स्थायी मध्यस्थता अदालत के पास संप्रभु जल मामलों पर कोई अधिकार नहीं है।
अधिकारियों ने कहा कि यह फैसला पहले के समान पुरस्कार के खिलाफ लिए गए भारत के पूर्व रुख की पुष्टि करता है और यह दर्शाता है कि संधि विवादों का समाधान द्विपक्षीय तरीके से होना चाहिए।
स्थायी मध्यस्थता अदालत ने भारत से संधि के तहत अपने दायित्वों का पालन करने का आह्वान किया, लेकिन नई दिल्ली ने कहा कि संधि के प्रवर्तन पर लगाई गई उसकी रोक अभी भी प्रभावी है।
भारत का यह रुख सीमापार जल समझौतों के प्रति उसके व्यापक रुख को दर्शाता है, जिसमें जल संसाधन प्रबंधन में राष्ट्रीय संप्रभुता पर जोर दिया जाता है।
अधिकारियों ने कहा कि यह फैसला पहले के समान पुरस्कार के खिलाफ लिए गए भारत के पूर्व रुख की पुष्टि करता है और यह दर्शाता है कि संधि विवादों का समाधान द्विपक्षीय तरीके से होना चाहिए।
स्थायी मध्यस्थता अदालत ने भारत से संधि के तहत अपने दायित्वों का पालन करने का आह्वान किया, लेकिन नई दिल्ली ने कहा कि संधि के प्रवर्तन पर लगाई गई उसकी रोक अभी भी प्रभावी है।
भारत का यह रुख सीमापार जल समझौतों के प्रति उसके व्यापक रुख को दर्शाता है, जिसमें जल संसाधन प्रबंधन में राष्ट्रीय संप्रभुता पर जोर दिया जाता है।