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ग्वालियर में दीपावली आतिशबाजी दुकानों के लिए 5 से 14 अक्टूबर तक होंगे आवेदन
ग्वालियर जिले में दीपावली के अवसर पर अस्थायी आतिशबाजी की दुकानों के लिए आवेदन प्रक्रिया 5 अक्टूबर से शुरू होगी। दुकानों का आवंटन 23 अक्टूबर को लॉटरी द्वारा किया जाएगा।
दीपावली के त्यौहार के मद्देनजर ग्वालियर जिले में अस्थायी आतिशबाजी की दुकानों के लिए आवेदन प्रक्रिया 5 अक्टूबर से 14 अक्टूबर 2026 तक चलेगी। अपर जिला दण्डाधिकारी श्री सी बी प्रसाद ने इस संबंध में आदेश जारी करते हुए बताया कि ग्वालियर व्यापार मेला प्रांगण तथा अनुभाग डबरा, भितरवार व घाटीगांव में अनुविभागीय दण्डाधिकारी द्वारा चयनित स्थलों पर अस्थायी लाइसेंस दिए जाएंगे।
लाइसेंस आवंटन की प्रक्रिया में एकरूपता बनाए रखने के लिए, आवेदन प्राप्त होने के बाद 23 अक्टूबर 2026 को लॉटरी के माध्यम से दुकानों का आवंटन किया जाएगा। लाइसेंस वितरण 24 अक्टूबर से शुरू होगा और दुकानों की अवधि 25 अक्टूबर से 18 नवंबर 2026 तक रहेगी। इस दौरान मध्यप्रदेश राज्य गृह विभाग, राष्ट्रीय हरित अधिकरण और मुख्य विस्फोटक नियंत्रक द्वारा जारी सभी सुरक्षा मानकों और निर्देशों का कड़ाई से पालन किया जाएगा।
ग्वालियर व्यापार मेला परिसर में लगने वाली आतिशबाजी दुकानों के लिए मेला प्राधिकरण को रख-रखाव और अन्य सुविधाओं के एवज में प्रत्येक दुकान के लिए 1500 रुपए निर्धारित किए गए हैं, जो दुकानदारों को मेला प्राधिकरण कार्यालय में जमा कराने होंगे। अपर जिला दण्डाधिकारी ने यह भी निर्देशित किया है कि लाइसेंस जारी करने की प्रक्रिया और दुकानों की संख्या के संबंध में आतिशबाजी फुटकर विक्रेता संघ और संबंधित विभागीय अधिकारियों के साथ बैठक आयोजित कर व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए।
लाइसेंस आवंटन की प्रक्रिया में एकरूपता बनाए रखने के लिए, आवेदन प्राप्त होने के बाद 23 अक्टूबर 2026 को लॉटरी के माध्यम से दुकानों का आवंटन किया जाएगा। लाइसेंस वितरण 24 अक्टूबर से शुरू होगा और दुकानों की अवधि 25 अक्टूबर से 18 नवंबर 2026 तक रहेगी। इस दौरान मध्यप्रदेश राज्य गृह विभाग, राष्ट्रीय हरित अधिकरण और मुख्य विस्फोटक नियंत्रक द्वारा जारी सभी सुरक्षा मानकों और निर्देशों का कड़ाई से पालन किया जाएगा।
ग्वालियर व्यापार मेला परिसर में लगने वाली आतिशबाजी दुकानों के लिए मेला प्राधिकरण को रख-रखाव और अन्य सुविधाओं के एवज में प्रत्येक दुकान के लिए 1500 रुपए निर्धारित किए गए हैं, जो दुकानदारों को मेला प्राधिकरण कार्यालय में जमा कराने होंगे। अपर जिला दण्डाधिकारी ने यह भी निर्देशित किया है कि लाइसेंस जारी करने की प्रक्रिया और दुकानों की संख्या के संबंध में आतिशबाजी फुटकर विक्रेता संघ और संबंधित विभागीय अधिकारियों के साथ बैठक आयोजित कर व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए।