🔥 ट्रेंडिंग ड्रडो ने 'प्रलय' मिसाइल का सफल परीक्षण... ए.के. चतुर्वेदी को चुना गया झारखंड राज... झारखंड सरकार ने 7 IAS अधिकारियों को स्... सुप्रीम कोर्ट ने DGP नियुक्ति नियमों क... कॉकि के आईटी प्रोफेशनल पर तेज़ी से चलत... केरल के गवर्नर ने प्रधानमंत्री से आधिक...
05 नव. 2026•
ગુજરાતી मराठी ਪੰਜਾਬੀ বাংলা
बाढ़ ने गाय और बकरी को नष्ट कर दिया, किसानों की आजीविका ध्वस्त
📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Ralf Roletschek
कृषि

बाढ़ ने गाय और बकरी को नष्ट कर दिया, किसानों की आजीविका ध्वस्त

✍️ livemint.com 🗓 21 सित. 2026, 05:16 AM 👁 74
शेयर करें: 💬 WhatsApp 📘 Facebook 𝕏 Post

एक बाढ़ ने ग्रामीण क्षेत्रों में धावा बोला, जिससे किसानों की मुख्य आय स्रोत गायें और बीमा के रूप में रखी बकरियां नष्ट हो गईं।

हाल ही में आई बाढ़ ने ग्रामीण इलाकों में जलभराव कर दिया, जिससे किसानों को अपने पशुधन का भारी नुकसान झेलना पड़ा। मुख्य आय स्रोत गायें, जो दूध, खींचने की शक्ति और निरंतर आय प्रदान करती थीं, जल में बह गईं या मारी गईं। बीमा के रूप में रखी बकरियों को भी बाढ़ ने बुरी तरह प्रभावित किया।
इस अचानक आए आपदा ने कई छोटे किसानों को तत्काल संकट में डाल दिया है, क्योंकि उनका मुख्य आय स्रोत और बैक‑अप बीमा दोनों ही क्षतिग्रस्त हो गए हैं। गाय‑बकरी के बिना परिवारों की खाद्य सुरक्षा घट गई है और दैनिक खर्चों के लिए नकदी प्रवाह सीमित हो गया है।
स्थानीय प्रशासन और राहत एजेंसियों से अपेक्षा है कि वे नुकसान का आकलन कर शीघ्र सहायता प्रदान करेंगे, जबकि प्राथमिकता बचे हुए पशुओं को बचाना और प्रभावित किसान परिवारों को आपातकालीन मदद देना है।
यह घटना कृषि समुदाय की अत्यधिक मौसम‑संबंधी जोखिमों के प्रति संवेदनशीलता को उजागर करती है, जिससे बेहतर आपदा तैयारी और विविधित आजीविका रणनीतियों की आवश्यकता स्पष्ट होती है।
हितधारक तेज़ राहत वितरण और दीर्घकालिक योजनाओं की मांग कर रहे हैं, जिससे पशुधन की संख्या फिर से स्थापित हो सके और प्रभावित किसानों की आर्थिक स्थिरता बहाल हो सके।
📲Get App