📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Utpal Basu
मौसम
पूर्व और मध्य भारत में अंतिम मानसून बारिश, एल नीनो 2027 तक जारी
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🗓 24 सित. 2026, 06:47 PM
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भारत मौसम विज्ञान विभाग ने पूर्व और मध्य भारत में इस सप्ताह अंतिम मानसून बारिश की भविष्यवाणी की है, जबकि मौजूदा एल नीनो 2027 तक जारी रहने की संभावना है।
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने मौसमी पूर्वानुमान अपडेट किया है, जिसमें बताया गया है कि इस सप्ताह के भीतर पूर्व और मध्य भारत के कई राज्यों में अंतिम मानसून बारिश आएगी। ओडिशा, पश्चिम बंगाल, झारखंड, छत्तीसगढ़ और मध्य प्रदेश के कुछ हिस्सों को इस बारिश से लाभ मिलने की संभावना है, क्योंकि मानसून की धारा उत्तर की ओर बढ़ रही है।
कृषि विभाग और जल संसाधन प्राधिकरण इस विकास पर करीबी नज़र रख रहे हैं, क्योंकि देर से आने वाली बारिश जलाशयों को पुनः भर सकती है और रबी की फसल की बुवाई में मदद कर सकती है। किसानों को सूखे से प्रभावित क्षेत्रों में हल्की‑भारी बौछारों के लिए तैयार रहने और संभावित बाढ़ जोखिम से बचाव के उपाय अपनाने की सलाह दी गई है।
साथ ही, विशेषज्ञों ने बताया कि वर्तमान एल नीनो घटना, जो पहले ही देश भर में मौसम पैटर्न बदल चुकी है, कई वैश्विक मॉडलों के अनुसार 2027 तक जारी रह सकती है। लंबी अवधि का एल नीनो आमतौर पर पश्चिमी भारत में मानसून को दबाता है और पूर्वी क्षेत्रों में उसकी तीव्रता बढ़ाता है, जो इस वर्ष के पूर्वानुमान में दिख रहा है।
अधिकारियों ने नागरिकों से कहा है कि स्थानीय मौसम बुलेटिन पर नज़र रखें और जहाँ भारी बारिश की संभावना हो, वहाँ आवश्यक सावधानियां बरतें, साथ ही यह भी बताया कि विस्तारित एल नीनो आने वाले वर्षों के मौसमी पूर्वानुमानों को प्रभावित कर सकता है।
कृषि विभाग और जल संसाधन प्राधिकरण इस विकास पर करीबी नज़र रख रहे हैं, क्योंकि देर से आने वाली बारिश जलाशयों को पुनः भर सकती है और रबी की फसल की बुवाई में मदद कर सकती है। किसानों को सूखे से प्रभावित क्षेत्रों में हल्की‑भारी बौछारों के लिए तैयार रहने और संभावित बाढ़ जोखिम से बचाव के उपाय अपनाने की सलाह दी गई है।
साथ ही, विशेषज्ञों ने बताया कि वर्तमान एल नीनो घटना, जो पहले ही देश भर में मौसम पैटर्न बदल चुकी है, कई वैश्विक मॉडलों के अनुसार 2027 तक जारी रह सकती है। लंबी अवधि का एल नीनो आमतौर पर पश्चिमी भारत में मानसून को दबाता है और पूर्वी क्षेत्रों में उसकी तीव्रता बढ़ाता है, जो इस वर्ष के पूर्वानुमान में दिख रहा है।
अधिकारियों ने नागरिकों से कहा है कि स्थानीय मौसम बुलेटिन पर नज़र रखें और जहाँ भारी बारिश की संभावना हो, वहाँ आवश्यक सावधानियां बरतें, साथ ही यह भी बताया कि विस्तारित एल नीनो आने वाले वर्षों के मौसमी पूर्वानुमानों को प्रभावित कर सकता है।