📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Bernard Gagnon
स्थानीय
बांधवगढ़ की प्रसिद्ध बाघिन डॉटी की मौत, दो शावकों की सुरक्षा के लिए वन विभाग ने बढ़ाई निगरानी
✍️ Amar Ujala · Madhya Pradesh
🗓 10 अक्टू. 2026, 04:32 PM
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बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व में प्रसिद्ध बाघिन डॉटी का शव मिला, पोस्ट‑मार्टम में प्राकृतिक कारण बताया गया। वन विभाग ने उसके 15‑16 महीने के दो शावकों की सुरक्षा के लिए निगरानी बढ़ा दी है।
उमरिया जिले के बांधवगढ़ टाइगर रिज़र्व में प्रसिद्ध बाघिन डॉटी का शव मिला। वन विभाग ने शव को पोस्ट‑मार्टम के लिये भेजा और प्रारम्भिक जांच में प्राकृतिक कारणों से मृत्यु बताई गई।
डॉटी ने इस साल दो शावक को जन्म दिया था, जिनकी उम्र अब लगभग पंद्रह‑सोलह महीने है। माँ बाघिन के निधन के बाद भी शावक अभी भी जंगल में ही हैं।
मध्य प्रदेश वन विभाग ने इन दो शावकों की सुरक्षा के लिये निगरानी को तीव्र कर दी है। रेंजरों ने गश्त बढ़ा दी, अतिरिक्त कैमरा ट्रैप लगाए और शावकों की हरकतों पर कड़ी नज़र रखी जा रही है।
विभाग ने रिज़र्व के पारिस्थितिक संतुलन को बनाए रखने और बाघों की जनसंख्या, विशेषकर माँ‑बच्चे के नुकसान के बाद, सुरक्षा सुनिश्चित करने की प्रतिबद्धता दोहराई है।
शावकों के स्वास्थ्य व विकास की जानकारी सार्वजनिक करने हेतु विभाग निरंतर निगरानी करेगा।
डॉटी ने इस साल दो शावक को जन्म दिया था, जिनकी उम्र अब लगभग पंद्रह‑सोलह महीने है। माँ बाघिन के निधन के बाद भी शावक अभी भी जंगल में ही हैं।
मध्य प्रदेश वन विभाग ने इन दो शावकों की सुरक्षा के लिये निगरानी को तीव्र कर दी है। रेंजरों ने गश्त बढ़ा दी, अतिरिक्त कैमरा ट्रैप लगाए और शावकों की हरकतों पर कड़ी नज़र रखी जा रही है।
विभाग ने रिज़र्व के पारिस्थितिक संतुलन को बनाए रखने और बाघों की जनसंख्या, विशेषकर माँ‑बच्चे के नुकसान के बाद, सुरक्षा सुनिश्चित करने की प्रतिबद्धता दोहराई है।
शावकों के स्वास्थ्य व विकास की जानकारी सार्वजनिक करने हेतु विभाग निरंतर निगरानी करेगा।