📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / NASA Earth Observatory images by Wanmei Liang, usi
मौसम
पाकिस्तान और उत्तर‑पश्चिम भारत की सूखी हवाओं से मॉनसून की बारिश में कमी
✍️ Aaj Tak
🗓 19 अग. 2026, 09:44 AM
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मौसम विज्ञानी बताते हैं कि पाकिस्तान और उत्तर‑पश्चिम भारत से आ रही सूखी हवाओं से कई क्षेत्रों में नमी घट रही है, जिससे इस साल की मॉनसून की बारिश कमजोर पड़ सकती है।
भारतीय मॉनसून, जो पूरे उपमहाद्वीप में व्यापक वर्षा लाता रहा है, अब अपनी तीव्रता में स्पष्ट गिरावट दिखा रहा है। हालिया अवलोकनों से पता चलता है कि मौसम के साथ आने वाले नमी‑भरे बादल पतले होते जा रहे हैं।
पाकिस्तान और उत्तर‑पश्चिम भारत से आ रही सूखी, महाद्वीपीय हवाएँ मॉनसून की नमीयुक्त धाराओं को विस्थापित कर रही हैं। इन हवाओं में नमी कम और तापमान अधिक होता है, जिससे वर्षा के लिए उपलब्ध नमी घटती है।
मौसम विज्ञानी चेतावनी दे रहे हैं कि इन सूखी हवाओं के प्रवेश से विशेषकर मध्य और पश्चिमी क्षेत्रों में वर्षा की मात्रा कमजोर पड़ सकती है, जहाँ कृषि और जल आपूर्ति के लिए मॉनसून की बारिश महत्वपूर्ण है। वे इस प्रभाव को समझने के लिए निरंतर निगरानी की आवश्यकता पर बल दे रहे हैं।
भारत मौसम विभाग ने किसानों को जल‑संरक्षण उपाय अपनाने की सलाह दी है, क्योंकि सितंबर में वर्षा में कमी की संभावना बनी हुई है।
पाकिस्तान और उत्तर‑पश्चिम भारत से आ रही सूखी, महाद्वीपीय हवाएँ मॉनसून की नमीयुक्त धाराओं को विस्थापित कर रही हैं। इन हवाओं में नमी कम और तापमान अधिक होता है, जिससे वर्षा के लिए उपलब्ध नमी घटती है।
मौसम विज्ञानी चेतावनी दे रहे हैं कि इन सूखी हवाओं के प्रवेश से विशेषकर मध्य और पश्चिमी क्षेत्रों में वर्षा की मात्रा कमजोर पड़ सकती है, जहाँ कृषि और जल आपूर्ति के लिए मॉनसून की बारिश महत्वपूर्ण है। वे इस प्रभाव को समझने के लिए निरंतर निगरानी की आवश्यकता पर बल दे रहे हैं।
भारत मौसम विभाग ने किसानों को जल‑संरक्षण उपाय अपनाने की सलाह दी है, क्योंकि सितंबर में वर्षा में कमी की संभावना बनी हुई है।