🔥 ट्रेंडिंग राजस्थान में महिला की हत्या दिल्ली-एनसीआर में बारिश का अलर्ट तमिलनाडु में 44,527 करोड़ रुपये का आवं... झारखंड और यूपी में बिजली गिरने से 17 क... बिहार में महिला ने हाईटेंशन टावर पर चढ... महाराष्ट्र ने गैर‑डेयरी पनीर पर प्रतिब...
05 अग. 2026
ગુજરાતી मराठी ਪੰਜਾਬੀ বাংলা
डॉक्टरों ने बताया क्यों दुर्घटना के बाद पहला घंटा 'गोल्डन आवर' कहलाता है
📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Tech. Sgt. Jasmin Taylor
स्वास्थ्य

डॉक्टरों ने बताया क्यों दुर्घटना के बाद पहला घंटा 'गोल्डन आवर' कहलाता है

✍️ The Times of India 🗓 04 अग. 2026, 08:03 AM 👁 5

दैनिक टेलीविजन ने बताया कि दुर्घटना के बाद के पहले 60 मिनट जीवन बचाने के लिए महत्वपूर्ण होते हैं, जिसे डॉक्टर 'गोल्डन आवर' कहते हैं।

दैनिक टेलीविजन के अनुसार, आपातकालीन चिकित्सा पेशेवर दुर्घटना के बाद के पहले 60 मिनट को "गोल्डन आवर" कहते हैं। इस दौरान समय पर चिकित्सा हस्तक्षेप से पीड़ित के जीवित रहने की संभावना काफी बढ़ जाती है।

यह शब्द इस बात पर ज़ोर देता है कि त्वरित देखभाल कितनी जरूरी है, क्योंकि देरी से जटिलताएँ या मृत्यु हो सकती है। चिकित्सा दल यह बताते हैं कि इस समय सीमा के भीतर शीघ्र मूल्यांकन और उपचार मृत्यु दर को कम करने में महत्वपूर्ण हैं।

स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं कि यह अवधारणा आपात स्थितियों में त्वरित कार्रवाई के लिए एक याद दिलाती है। शीघ्र कार्रवाई को प्राथमिकता देकर जीवन बचाने की संभावना काफी बढ़ जाती है।
📲Get App