📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / NASA/JPL-Caltech
मौसम
दिल्ली‑राजस्थान में 35°C की गर्मी, अक्टूबर का मौसम अभी भी तप रहा
✍️ indiatoday.in
🗓 04 अक्टू. 2026, 05:02 AM
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दिल्ली और राजस्थान में तापमान 35°C तक पहुंच गया, अक्टूबर में भी गर्मी जारी है। मौसम विज्ञानियों के अनुसार, अगले कुछ दिनों तक गर्मी बनी रहेगी, फिर धीरे‑धीरे ठंड आएगी।
राजस्थान से दिल्ली तक के उत्तरी क्षेत्र में 35°C तक का तापमान दर्ज किया गया है, जिससे अक्टूबर में भी गर्मी का असर बना हुआ है। यह उच्च तापमान, जो आमतौर पर गर्मियों के चरम में देखा जाता है, कैलेंडर बदलने के बावजूद जारी है, जिससे नागरिकों और स्वास्थ्य अधिकारियों में चिंता बढ़ी है।
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने इस लगातार गर्मी को उत्तर में ठंडी वेस्टर्न डिस्टर्बेंस के प्रवेश को रोकने वाले उच्च दबाव प्रणाली के कारण बताया है। मौसम विज्ञानियों के अनुसार, यह हीटवेव अगले 48‑72 घंटे तक जारी रह सकती है, उसके बाद तापमान धीरे‑धीरे घटने लगेगा।
स्थानीय प्रशासन ने लोगों को पर्याप्त पानी पीने, धूप के चरम समय में बाहर जाने से बचने और छाया में रहने की सलाह दी है। दिल्ली और राजस्थान के प्रमुख शहरों के अस्पतालों में गर्मी‑संबंधी रोगों की संख्या में हल्की बढ़ोतरी दर्ज की गई है, जिसके कारण अतिरिक्त मेडिकल स्टाफ तैनात किया गया है।
हालांकि ठंड का स्पष्ट समय अभी तय नहीं हो पाया है, विशेषज्ञों का मानना है कि सप्ताह के अंत तक उच्च दबाव प्रणाली कमजोर होने और मानसून की ठंडी हवाओं के आने से तापमान में उल्लेखनीय गिरावट आएगी।
नागरिकों को IMD के अपडेट पर नजर रखने और मौसम स्थिर होने तक सुरक्षा निर्देशों का पालन करने की सलाह दी जाती है।
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने इस लगातार गर्मी को उत्तर में ठंडी वेस्टर्न डिस्टर्बेंस के प्रवेश को रोकने वाले उच्च दबाव प्रणाली के कारण बताया है। मौसम विज्ञानियों के अनुसार, यह हीटवेव अगले 48‑72 घंटे तक जारी रह सकती है, उसके बाद तापमान धीरे‑धीरे घटने लगेगा।
स्थानीय प्रशासन ने लोगों को पर्याप्त पानी पीने, धूप के चरम समय में बाहर जाने से बचने और छाया में रहने की सलाह दी है। दिल्ली और राजस्थान के प्रमुख शहरों के अस्पतालों में गर्मी‑संबंधी रोगों की संख्या में हल्की बढ़ोतरी दर्ज की गई है, जिसके कारण अतिरिक्त मेडिकल स्टाफ तैनात किया गया है।
हालांकि ठंड का स्पष्ट समय अभी तय नहीं हो पाया है, विशेषज्ञों का मानना है कि सप्ताह के अंत तक उच्च दबाव प्रणाली कमजोर होने और मानसून की ठंडी हवाओं के आने से तापमान में उल्लेखनीय गिरावट आएगी।
नागरिकों को IMD के अपडेट पर नजर रखने और मौसम स्थिर होने तक सुरक्षा निर्देशों का पालन करने की सलाह दी जाती है।