📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Ashish Wankhade (User:Wankash)
स्वास्थ्य
सीसीटीवी फुटेज में अलार्म और फ्लैशिंग लाइट्स के साथ अमरावती अस्पताल में लगी आग
✍️ The Indian Express
🗓 01 अक्टू. 2026, 08:38 AM
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अमरावती के एक अस्पताल की सीसीटीवी ने आग लगने से पहले अलार्म और फ्लैशिंग लाइट्स के चालू होने को रिकॉर्ड किया, जिससे आपातकालीन प्रतिक्रिया पर सवाल उठे।
अमरावती, महाराष्ट्र के एक अस्पताल में आग लगने से मरीजों और स्टाफ को तुरंत खाली करवाना पड़ा। अस्पताल द्वारा जारी सीसीटीवी वीडियो में दिखाया गया कि आग के दृश्य होने से पहले अलार्म और फ्लैशिंग चेतावनी लाइट्स सक्रिय हो गई थीं, जिससे पता चलता है कि आग पहचान प्रणाली काम कर रही थी।
इस फुटेज ने स्थानीय प्राधिकरणों और स्वास्थ्य नियामकों का ध्यान आकर्षित किया है, जो अब अस्पताल की आपातकालीन तैयारी और प्रतिक्रिया प्रक्रियाओं की समीक्षा कर रहे हैं। अधिकारियों ने पुष्टि की कि कोई हताहत नहीं हुआ, पर कई घंटे तक चिकित्सा सेवाओं में बाधा उत्पन्न हुई।
अस्पताल प्रशासन ने पूरी जांच का वादा किया है और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए सुधारात्मक कदम उठाने का आश्वासन दिया है। राज्य स्वास्थ्य विभाग को क्षेत्र के समान संस्थानों में सुरक्षा प्रणालियों का ऑडिट करने का निर्देश दिया गया है।
इस बीच, आग के कारण की जांच जारी है और फायर विभाग ने अस्पतालों को नियमित रूप से अलार्म और निकासी प्रणालियों की जाँच करने की सलाह दी है।
यह घटना स्वास्थ्य संस्थानों में मजबूत अग्नि सुरक्षा बुनियादी ढांचे की आवश्यकता को रेखांकित करती है, विशेषकर अमरावती जैसे घनी आबादी वाले शहरी क्षेत्रों में।
इस फुटेज ने स्थानीय प्राधिकरणों और स्वास्थ्य नियामकों का ध्यान आकर्षित किया है, जो अब अस्पताल की आपातकालीन तैयारी और प्रतिक्रिया प्रक्रियाओं की समीक्षा कर रहे हैं। अधिकारियों ने पुष्टि की कि कोई हताहत नहीं हुआ, पर कई घंटे तक चिकित्सा सेवाओं में बाधा उत्पन्न हुई।
अस्पताल प्रशासन ने पूरी जांच का वादा किया है और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए सुधारात्मक कदम उठाने का आश्वासन दिया है। राज्य स्वास्थ्य विभाग को क्षेत्र के समान संस्थानों में सुरक्षा प्रणालियों का ऑडिट करने का निर्देश दिया गया है।
इस बीच, आग के कारण की जांच जारी है और फायर विभाग ने अस्पतालों को नियमित रूप से अलार्म और निकासी प्रणालियों की जाँच करने की सलाह दी है।
यह घटना स्वास्थ्य संस्थानों में मजबूत अग्नि सुरक्षा बुनियादी ढांचे की आवश्यकता को रेखांकित करती है, विशेषकर अमरावती जैसे घनी आबादी वाले शहरी क्षेत्रों में।