📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / Prime Minister's Office
राजनीति
बिहार उपमुख्यमंत्री का बयान: जेडी(यू) यूसीसी का विरोध नहीं करेंगे यदि प्रावधान ठीक हों
✍️ The Economic Times
🗓 16 सित. 2026, 10:01 AM
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बिहार उपमुख्यमंत्री ने कहा कि जेडी(यू) यूनीफ़ॉर्म सिविल कोड का विरोध नहीं करेगा यदि उसके प्रावधान पार्टी को स्वीकार्य हों।
बिहार के उपमुख्यमंत्री ने कहा कि यदि यूनीफ़ॉर्म सिविल कोड (UCC) के प्रावधान जेडी(यू) की मानदंडों के अनुरूप हों तो पार्टी इसका विरोध नहीं करेगी। यह बयान प्रेस इंटरव्यू के दौरान दिया गया, जिससे जेडी(यू) की इस विधेयक के प्रति शर्तीय समर्थन की इच्छा स्पष्ट हुई।
UCC का उद्देश्य धार्मिक व्यक्तिगत कानूनों को एक समान नागरिक कानून से बदलना है, परन्तु यह मुद्दा भारतीय राजनीति में बहस का विषय बना हुआ है। जेडी(यू), जो केंद्र सरकार की गठबंधन में प्रमुख दल है, अक्सर राष्ट्रीय नीति और क्षेत्रीय भावनाओं के बीच संतुलन बनाता आया है।
शर्तीय समर्थन का संकेत देकर पार्टी संभावित बदलाव की ओर इशारा कर रही है, जो संसद में UCC पर व्यापक चर्चा को प्रभावित कर सकता है। उपमुख्यमंत्री ने उन विशिष्ट प्रावधानों का विवरण नहीं दिया जो उन्हें स्वीकार्य लगेंगे, जिससे आगे की स्पष्टता की प्रतीक्षा रहेगी।
विश्लेषकों का मानना है कि जेडी(यू) की यह स्थिति आगामी संसद बहस में गतिशीलता बदल सकती है, जहाँ सरकार UCC को पारित करने के लिए व्यापक सहमति की तलाश में है।
UCC का उद्देश्य धार्मिक व्यक्तिगत कानूनों को एक समान नागरिक कानून से बदलना है, परन्तु यह मुद्दा भारतीय राजनीति में बहस का विषय बना हुआ है। जेडी(यू), जो केंद्र सरकार की गठबंधन में प्रमुख दल है, अक्सर राष्ट्रीय नीति और क्षेत्रीय भावनाओं के बीच संतुलन बनाता आया है।
शर्तीय समर्थन का संकेत देकर पार्टी संभावित बदलाव की ओर इशारा कर रही है, जो संसद में UCC पर व्यापक चर्चा को प्रभावित कर सकता है। उपमुख्यमंत्री ने उन विशिष्ट प्रावधानों का विवरण नहीं दिया जो उन्हें स्वीकार्य लगेंगे, जिससे आगे की स्पष्टता की प्रतीक्षा रहेगी।
विश्लेषकों का मानना है कि जेडी(यू) की यह स्थिति आगामी संसद बहस में गतिशीलता बदल सकती है, जहाँ सरकार UCC को पारित करने के लिए व्यापक सहमति की तलाश में है।