🔥 ट्रेंडिंग प्रदेश में चीनी की पर्याप्त उपलब्धता,... ધાંગધ્રા: ચોરીની બાઈક સાથે એક શખ્સને ઝ... खेल अकादमी में ‘खेल’ जारी, व्यवस्था मै... वीएम विवाद पर कांग्रेस की निंदा करते ह... रवि तेजा की 'इरुमुडी' ने पहले दिन शानद... एमरान हाशमी‑दीशा पातानी की ‘अवारा‍पन 2...
22 अग. 2026
ગુજરાતી मराठी ਪੰਜਾਬੀ বাংলা
गया में 22 एकड़ सरकारी जमीन का कथित घोटाला, 230 नामों की रजिस्ट्री, जांच की मांग
📷 चित्र स्रोत: Wikimedia Commons / User:Haros
अपराध

गया में 22 एकड़ सरकारी जमीन का कथित घोटाला, 230 नामों की रजिस्ट्री, जांच की मांग

✍️ Amar Ujala · Gaya 🗓 22 अग. 2026, 04:03 PM 👁 5
शेयर करें: 💬 WhatsApp 📘 Facebook 𝕏 Post

जिला परिषद अध्यक्ष नैना कुमारी ने कहा है कि 2018‑2022 के बीच गया में 22 एकड़ सरकारी जमीन की अवैध रजिस्ट्री कर 230 लोगों के नाम जमाबंदी की गई, जिससे जांच की मांग उठी है।

गया जिले में 22 एकड़ सरकारी जमीन को लेकर बड़े पैमाने पर भूमि घोटाले का संदेह उठाया गया है। जिला परिषद अध्यक्ष नैना कुमारी ने कहा कि 2018 से 2022 के बीच इस जमीन की अवैध रजिस्ट्री कर 230 लोगों के नाम जमाबंदी की गई।

स्थानीय मीडिया के अनुसार, रजिस्ट्री प्रक्रिया में छेड़छाड़ करके झूठे शीर्षक बनाकर सार्वजनिक जमीन को निजी स्वामित्व में बदल दिया गया, बिना उचित अनुमति के। इस अनियमितता को उजागर करने के लिए कुमारी ने जिला प्रशासन और संबंधित राज्य एजेंसियों से विस्तृत जांच की मांग की है।

अब तक अधिकारियों ने इस मामले पर कोई टिप्पणी नहीं की है और कोई औपचारिक जांच शुरू नहीं हुई है। इस घोटाले के पैमाने और बिहार में सार्वजनिक भूमि प्रबंधन पर संभावित प्रभाव को देखते हुए, इस मुद्दे पर जल्द ही गहरी जांच की उम्मीद है।
📲Get App